आसनसोल.
कभी वामपंथियों का गढ़ रहे आसनसोल में बीते कुछ समय से माकपा कमजोर पड़ती दिख रही है. अपनी खोयी सियासी जमीन वापस पाने को माकपा ने एक बार फिर सक्रियता बढ़ायी है. इसी क्रम में शनिवार को पूर्व सांसद डॉ सुजन चक्रवर्ती ने आसनसोल के महिशीला कॉलोनी इलाके में गौतम अशोक स्मृति भवन स्थित माकपा पार्टी कार्यालय का उद्घाटन किया. मौके पर पश्चिम बर्दवान जिला कमेटी के नेता पार्थ मुखर्जी, सत्तो चक्रवर्ती सहित बड़ी संख्या में माकपा नेता और कार्यकर्ता मौजूद रहे. डॉ सुजन चक्रवर्ती ने एसआइआर हियरिंग प्रक्रिया पर सवाल उठाते हुए कहा कि बुजुर्गों और बीमार लोगों को हियरिंग केंद्रों पर बुलाया जा रहा है. उन्होंने पूछा कि जब मतदान अधिकारी वोट के लिए घर-घर जा सकते हैं तो हियरिंग के लिए यह व्यवस्था पहले से क्यों नहीं की गई. उनके अनुसार, आयोग को इस पहलू पर गंभीरता से विचार करना चाहिए था. गृहमंत्री अमित शाह के कोलकाता दौरे के दौरान तृणमूल सरकार को उखाड़ फेंकने वाले बयान पर प्रतिक्रिया देते हुए डॉ. सुजन चक्रवर्ती ने कहा कि यह केवल बयानबाजी है. उन्होंने आरोप लगाया कि यदि भाजपा वास्तव में गंभीर होती तो तृणमूल नेताओं पर लगे भ्रष्टाचार के मामलों में अब तक ठोस कार्रवाई हो चुकी होती. उन्होंने यह भी कहा कि 2002 में भी एसआइआर हुआ था, लेकिन उस समय बंगाल में वाममोर्चा की सरकार होने से लोगों में डर नहीं था. वर्तमान में केंद्र में भाजपा और राज्य में तृणमूल की सरकार होने के कारण लोगों में आशंका बढ़ी है. उन्होंने भरोसा दिलाया कि लाल झंडा मौजूद रहते हुए नागरिकों की नागरिकता खत्म करने की हिम्मत कोई नहीं कर सकता. सुजन चक्रवर्ती ने कहा कि वामपंथी शासनकाल में इस जिले में व्यापक औद्योगीकरण हुआ था, जबकि बीते 15 वर्षों में इस दिशा में कोई ठोस काम नहीं हुआ. उन्होंने तृणमूल और भाजपा को एक-दूसरे का पूरक बताते हुए कोसा.डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है
