बेड की कमी से 12 घंटे में ही प्रसूता को दी जाती है छुट्टी

चाईबासा : नरसंडा उपस्वास्थ्य केंद्र में सिर्फ दो बेड होने के कारण प्रसूताओं को परेशानी हो रही है. बेड के अभाव में प्रसूताओं को प्रसव के 12 घंटे बाद ही छुट्टी दे जाती है. हालांकि नियमानुसार प्रसूताओं को कम से कम 24 घंटे स्वास्थ्य केंद्र में चिकित्साकर्मियों और सहियाओं की निगरानी में रखना है. लेकिन […]

चाईबासा : नरसंडा उपस्वास्थ्य केंद्र में सिर्फ दो बेड होने के कारण प्रसूताओं को परेशानी हो रही है. बेड के अभाव में प्रसूताओं को प्रसव के 12 घंटे बाद ही छुट्टी दे जाती है. हालांकि नियमानुसार प्रसूताओं को कम से कम 24 घंटे स्वास्थ्य केंद्र में चिकित्साकर्मियों और सहियाओं की निगरानी में रखना है. लेकिन नरसंडा उपस्वास्थ्य केंद्र में मात्र दो बेड होने के कारण ऐसा नहीं हो पा रहा है. 12 घंटे में ही प्रसूताओं को छुट्टी देने से जच्चा व बच्चा के स्वास्थ्य पर इसका प्रभाव पड़ रहा है. कई बार प्रसूताओं को दोबारा भर्ती करना पड़ जाता है. जल्दी छुट्टी के कारण बच्चे बीमार पड़ जा रहे हैं. चार सहियाओं के भरोसे स्वास्थ्य केंद्र का संचालन हो रहा है.

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By Prabhat Khabar Digital Desk

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