सरायकेला : स्कूल में शिक्षकों की उपस्थिति अनियमित होती है, तो इसके लिए सीआरपी जिम्मेवार होंगे. इसके अलावा यदि कोई शिक्षक किसी दूसरे को रख कर शैक्षणिक कार्य करा रहे हैं, तो ऐसे मामलों में भी सीआरपी पर कार्रवाई की जायेगी.
उक्त बातें जिला सर्व शिक्षा कार्यालय में शनिवार को आयोजित सीआरपी–बीआरपी की बैठक के दौरान जिला शिक्षा अधीक्षक रतन माहवार ने कही.
बैठक में कहा गया कि अक्सर शिकायत मिल रही है कि शिक्षक स्कूल नहीं आते और एक दिन आ कर चार दिन की उपस्थिति पंजी में हाजिरी बना देते हैं, अगर ऐसी शिकायत मिलती है, तो सीआरपी पर भी कार्रवाई होगी. मध्याह्न् भोजन पर चर्चा करते हुए श्री माहवार ने कहा कि किसी भी स्कूल में मध्याह्न् भोजन बंद नहीं होना चाहिए, अगर कही बंद होने की स्थिति उत्पन्न होती है, तो अविलंब प्रखंड व जिला को सूचित करें, ताकि योजना तुरंत चालू की जा सके.
बैठक में स्कूल के शिक्षक अपनी जगह दूसरे को रख कर पढ़ाने की शिकायत मिली थी, खासकर कुचाई प्रखंड में कुछ स्कूलों में शिक्षकों द्वारा ऐसा किया जा रहा था, अगर फिर ऐसी शिकायत मिली, तो यह समझा जायेगा की सीआरपी अपने संकुल स्कूलों का मॉनीटरिंग नहीं कर रहा हैं और शिक्षक के साथ सीआरपी पर भी कार्रवाई की जायेगी. असैनिक कार्य के तहत पासबुक से उतने ही राशि कि निकासी करेंगे, जितना काम हुआ है.
पासबुक की जांच भी सीआरपी व बीआरपी करेंगे, ताकि असैनिक कार्य के तहत स्कूल भवन अधूरा रहने की शिकायत न मिले. मौके पर एडीपीओ अमित मुखर्जी बीइइओ बाल्मिकी प्रसाद, वसुंधरा कुमारी के अलावा अन्य कई उपस्थित थे.
