बरहरवा/पाकुड़ : सूबे के खाद्य आपूर्ति मंत्री सह संसदीय कार्य मंत्री सरयू राय ने बरहरवा में पत्रकारों से कहा है कि एफसीआइ का चावल बांग्लादेश भेजे जाने का मामला गंभीर है. इसकी जांच करने बरहरवा पहुंचे हैं. उन्होंने साफ कहा कि कालाबाजारी में जिस किसी का भी चेहरा सामने आयेगा उनपर कार्रवाई की जायेगी.
यदि बांग्लादेश अनाज भेजे जाने की बात सही साबित होती है, तो जो लोग इसमें शामिल होंगे उन पर देश द्रोह का मुकदमा दायर किया जायेगा. पाकुड़ में कहा कि अनाज की हो रही कालाबाजारी मामले को लेकर केंद्र सरकार से सीबीआइ जांच कराने की मांग की जायेगी. जब तक इस मामले में सीबीआइ जांच नहीं होती है, मामले का स्पष्ट खुलासा हो पाने में कठिनाई होगी. उन्होंने साफ शब्दों में संकेत दिया है कि तमिलनाडू प्रदेश के तर्ज पर किया जा रहा डीलरों का मांग नाजायज है और इस पर सरकार अमल नहीं करेगी.
ट्रक जब्ती में पदाधिकारियों की भूमिका संदिग्ध
बरहरवा. मंत्री सरयू राय ने कहा कि सरकार गरीबों का अनाज उनके घर तक पहुंचाने का काम करती है. बरहरवा में बांग्लादेश ले जा रहे दो ट्रक चावल की जब्ती में पदाधिकारियों की भूमिका प्रथम दृष्टया में संदिग्ध लगती है. साहेबगंज एफसीआइ गोदाम से 17 ट्रक बरहरवा के लिये चले थे. जिसमें दो ट्रक को बंगाल के बॉर्डर पर जब्त किया गया है. जबकि दो ट्रक अभी भी लापता है. इसकी भी जांच की जा रही है. पुलिस अगर जांच में कोताही बरतती है. तो इसकी जांच एंटी करप्शन ब्यूरो से करायी जायेगी. एफसीआइ की गड़बड़ी अगर सामने आती है तो कार्रवाई के लिए केंद्र सरकार को लिखा जायेगा.
जीएम 24 घंटे में दे जवाब
जीएम (जिला प्रबंधक) को 24 घंटे के अंदर जवाब देने के लिये कहा गया है. अगर उनका जवाब संतोषजनक नहीं आया, तो उनके विरुद्ध कार्रवाई होगी और प्राथमिकी भी दर्ज की जायेगी. गरीबों का अनाज जिस प्रकार से हड़पा गया है. दोषी पाये जाने वाले अधिकारियों पर अापराधिक मामले भी दर्ज होंगे. अनाज बांग्लादेश भेजने की बात अगर सामने जांच में आ जाती है तो दोषियों पर देशद्रोह का मामला भी दर्ज किया जायेगा.
ट्रकों में लगेगा जीपीएस
एफसीआइ गोदाम से ट्रक चावल लेकर जब प्रखंड के गोदाम के लिये चलेगा, तो उस ट्रक में जीपीएस सिस्टम लगेगा. इसकी जानकारी सांसद, विधायक व जिला परिषद को भी मिलेगी. आपूर्ति शृंखला के तहत गरीबों के बीच अनाज बंटेगा.
राशन दुकानों में अब बायोमीट्रिक सिस्टम
तीन माह के अंदर बायोमीट्रिक सिस्टम भी राशन दुकानदारों के यहां लगेगा. उपभोक्ताओं को एसएमएस के माध्यम से अनाज आने की जानकारी मिलेगी. जिस उपभोक्ता को डीलर अगर अनाज नहीं देता है तो इसके लिये अपर समाहर्ता को प्रत्येक जिला में शिकायत निवारण पदाधिकारी बनाया गया है.
जांच करने के बाद लाभुकों को चावल नहीं मिलने पर उन्हें मुआवजा भी सरकार देगी. डीलर से प्रत्येक माह का वितरण का प्रमाण-पत्र भी मांगा जायेगा. प्रखंड आपूर्ति पदाधिकारियों को क्षेत्र में घूमने के लिये टीए भी सरकार देगी. जो भी एमओ अपने संपत्ति का ब्योरा नहीं दिये हैं. उनके ऊपर भी सरकार कार्रवाई करेगी.
ये भी मौजूद थे
मौके पर बोरियो विधायक लोबिन हेंब्रम, प्रदेश कार्य समिति सदस्य कमल कृष्ण भगत, जिला अध्यक्ष उज्ज्वल मंडल के अलावे अन्य लोग मौजूद थे.
