साहिबगंज : प्रशासन साहिबगंज-मनिहारी फेरीघाट की बंदोबस्ती फिर से करने वाली है. कल 29 मार्च को पुन: बोली लगेगी. जबकि सोमवार काे ही इसकी दोबारा बंदोवस्ती होनी थी. लेकिन एक आवेदकर्ता द्वारा कागजात व पूर्ण रूपेन बात नहीं रखने पर डीसी उमेश प्रसाद सिंह ने मंगलवार सुबह 11 बजे तक का समय दिया है.
डीसी ने कहा कि बीते 15 मार्च को हुए फेरी घाट बंदोबस्ती में उच्चतम बोली लगाते हुए शहर के प्रमुख पत्थर व्यवसायी प्रकाशचंद्र यादव उर्फ मुंगेरी यादव ने ढ़ाई करोड़ रुपये में साहिबगंज मनिहारी फेरी घाट को दो साल के लिये ले लिया था. डाक प्रक्रिया में हिस्सा लेने के लिए तत्काल 6,13,333 रूपए सुरक्षित राशि प्रशासन के पास जमा करवायी थी. प्रशासनिक सूत्रों ने बताया कि तीन दिनों के भीतर उन्हें शेष राशि जमा करनी थी.
निर्धारित समय सीमा 17 मार्च की शाम समाप्त हो जाने के बावजूद घाट बंदोबस्ती के लिए शेष राशि जमा नहीं कराने की वजह से डीसी ने डाक को तत्काल रद करने का निर्णय लिया है. जमा की गयी सुरक्षित राशि को भी जब्त कर लिया गया है. अपर समाहर्ता निरंजन कुमार ने बताया कि डीसी के आदेश पर साहिबगंज मनिहारी फेरी घाट की बंदोबस्ती के लिए सोमवार को दोबारा डाक रखी गयी. नाव यातायात सहयोग समिति के अध्यक्ष श्रीकृष्ण चौधरी ने कहा कि पिछले डाक में प्रकाशचंद्र यादव ने बोली लगायी थी. उन्होंने पैसा जमा नहीं किया. जिसके कारण उन्हें डिफॉल्टर करार किया गया है.
लेकिन सोमवार को पुन: दूसरे कंपनी कैकटस विनिमय प्राइवेट लिमिटेड के नाम पर प्रकाशचंद्र यादव ने दोबारा बोली लगायी है. इनके पास जहाज व फिटनेस कागजात भी नहीं है. बच्चू यादव ने भी डाक में अपना आवेदन डाला है. इधर डीसी उमेश प्रसाद सिंह ने कहा कि मंगलवार सुबह 10 बजे तक कागजात व जहाज की जांच कर ली जायेगी.
उसके बाद ही डाक बोला जायेगा. यदि कागजात गलती रही तो छांट दिया जायेगा. उन्होंने कहा कि पूरी कागजात की जांच होने या आप तीनों के आम सहमति होने के बाद ही कार्रवाई की जायेगी. अभी कानूनी सलाह ली जा रही है. मौके पर डीडीसी प्रेमकांत झा, डीआरडीए निदेशक श्रीपति गिरि, डीपीओ रामनिवास सिंह, एसी निरंजन कुमार, भूमि सुधार उपसमाहर्ता अमित प्रकाश, आवेदनकर्ता प्रकाशचंद्र यादव, बच्चु यादव, मंत्री जगनारायण चौधरी, कोषाध्यक्ष हुलास चौधरी उपस्थित थे.
