एनआइए की रिपोर्ट में बांग्लादेशी आतंकी संगठन जेएमबी को आइएसआइ मुहैया करा रहा जाली नोट
साहिबगंज : पिछले 20 दिन के भीतर फरक्का, बरहरवा तथा साहिबगंज नगर थाना क्षेत्र में चार बार जाली नोट पकड़ने में पुलिस को सफलता हाथ लगी है. जाली नोट के कारोबारी साहिबगंज, पाकुड़ व मुर्शिदाबाद के फरक्का क्षेत्र को कॉरिडोर बना चुके हैं. खुफिया विभाग की रिपोर्ट के अनुसार पाकिस्तानी खुफिया एजेंसी आइएसआइ और बांग्ला देश के आतंकी संगठन जेएमबी साहिबगंज-पाकुड़ के रास्ते पूरे देश में जाली नोट खपा कर भारत की अर्थव्यवस्था बरबाद करने पर तुला है.
1500 करोड़ के जाली नोट बांग्लादेश के आतंकी संगठन जेएमबी (जमात उल मुजाहिद्दीन) के सहयोग से देश में खपाने की साजिश चल रही है. इसके लिए पश्चिम बंगाल के चार जिले मुर्शिदाबाद, वर्द्धमान, मालदा, नदिया व झारखंड के दो जिले साहिबगंज व पाकुड़ के रास्ते पूरे देश में जाली नोट खपाया जा रहा है. एनआइए द्वारा कलियाचक में जाली नोट के साथ गिरफ्तार एनाएल उर्फ सोना उर्फ मामा (45 वर्ष) से पूछताछ के बाद खुलासा हुआ.
पूछताछ में उसका संबंध आतंकी संगठन जेएमबी से भी होने की बात सामने आयी. जानकारी के अनुसार एनआइए ने गुप्त सूचना पर 23 जून को मालदा जिले के कलियाचक से लगभग तीन लाख के जाली नोट के साथ एनाउल उर्फ सोना उर्फ मामा को धर दबोचा था. पश्चिम बंगाल के फरक्का में बीएसएफ की खुफिया विभाग ने एक युवक को एक लाख के जाली नोट के साथ पकड़ा था. इस युवक ने अपना नाम सलीम बताया था.
वह अपने आपको हरियाणा के पानीपत स्थित सोनीपत का निवासी बताता था. जिले में लगातार जाली नोट की बरामदगी एवं पकड़े जा रहे तस्कर जांच एजेंसी की रिपोर्ट को पुख्ता करने के लिए काफी है.
