रांची: जेपीएससी और जेएसएससी में कथित गड़बड़ियों के खिलाफ आंदोलनरत छात्रों से भाजपा प्रदेश अध्यक्ष और पूर्व मुख्यमंत्री बाबूलाल मरांडी ने रविवार को सोशल मीडिया के माध्यम से बड़ी अपील की है. बाबूलाल मरांडी ने छात्रों और अभ्यर्थियों से इन परीक्षाओं में कथित अनियमितताओं से जुड़े दस्तावेज और प्रमाण साझा करने की अपील की है. उन्होंने कहा है कि इन प्रमाणों के आधार पर परीक्षाओं में हुई कथित गड़बड़ियों का मुद्दा सड़क से लेकर सदन तक मजबूती से उठाया जाएगा.
छह वर्षों में हुई कई भर्तियों का किया जिक्र
बाबूलाल मरांडी ने अपनी सोशल मीडिया पोस्ट में पिछले छह वर्षों के दौरान जेएसएससी की ओर से आयोजित विभिन्न परीक्षाओं का उल्लेख किया. उन्होंने दावा किया कि इस अवधि में सहायक आचार्य के 26,001 पद, सीजीएल के करीब 2,200 पद, पीजीटी के 3,120 पद और उत्पाद सिपाही के 583 पदों के लिए परीक्षाएं आयोजित की गयीं. उन्होंने आरोप लगाया कि इन परीक्षाओं में बड़े पैमाने पर नौकरी बेचे जाने और धांधली के आरोप सामने आये हैं.
उन्होंने जेपीएससी की 11वीं, 12वीं, 13वीं और 14वीं सिविल सेवा परीक्षाओं का भी जिक्र करते हुए इनमें गंभीर अनियमितताओं के आरोप लगाये.
परिणाम और प्रश्नपत्रों से जुड़ी जानकारी मांगी
पूर्व मुख्यमंत्री ने परीक्षाओं में शामिल रहे अभ्यर्थियों से अपील की कि यदि उनके पास परीक्षा में हुई किसी गड़बड़ी से संबंधित दस्तावेज, प्रमाण या महत्वपूर्ण जानकारी है, तो उसे उनके साथ साझा करें. उन्होंने अभ्यर्थियों से यह जानकारी देने को कहा कि कथित तौर पर परिणामों को किस तरह प्रभावित किया गया, प्रश्नपत्रों को कैसे रटाया गया और नौकरियों की कथित बिक्री किस तरीके से हुई.
मरांडी ने अभ्यर्थियों से संबंधित दस्तावेज ई-मेल(Email - yourbabulal@gmail.com) अथवा सोशल मीडिया के जरिए भेजने की अपील की है. उन्होंने कहा कि अभ्यर्थी अपनी शिकायतों और प्रमाणों के साथ मोबाइल नंबर भी उपलब्ध कराएं, ताकि उनकी आवाज को मजबूती से उठाया जा सके.
सीबीआइ जांच की मांग को लेकर सरकार पर दबाव बनाने की बात
उन्होंने कहा कि प्राप्त दस्तावेजों और महत्वपूर्ण सूचनाओं के आधार पर इन परीक्षाओं में हुई कथित गड़बड़ियों की निष्पक्ष सीबीआइ जांच की मांग को लेकर सरकार पर दबाव बनाया जाएगा. साथ ही दोषियों के खिलाफ कठोर कार्रवाई की मांग की जाएगी.
