Friends of Weaker Society: 6 मई को फ्रेंड्स ऑफ विकर सोसाइटी, रांची की ओर से दो होनहार छात्राओं को प्रोत्साहित करते हुए स्कालरशिप दी गई. पुंदाग निवासी रुक्सार परवीन, जो एक राजमिस्त्री की प्रतिभाशाली बेटी हैं, ने 10वीं बोर्ड परीक्षा 2026 में 96.20% अंक हासिल कर अपने परिवार, इलाके और समाज का नाम रोशन किया. Little Angels School की इस छात्रा ने साबित किया कि गरीबी कभी भी शिक्षा के मार्ग में बाधा नहीं बन सकती. सीमित संसाधनों के बावजूद उनके पिता ने कड़ी मेहनत कर अपनी बेटी को बेहतर शिक्षा दिलाई, जिसका उत्कृष्ट परिणाम आज सभी के सामने है.
फेरी लगाने वाले की बेटी ने किया कमाल
इसी कड़ी में एक और प्रतिभाशाली छात्रा सबा परवीन ने 10वीं बोर्ड परीक्षा में 97.40% अंक हासिल कर समाज का मान बढ़ाया. उनके पिता फुटपाथ पर फेरी लगाकर अपने परिवार का पालन-पोषण करते हैं, लेकिन उन्होंने अपनी बेटी की शिक्षा में कभी कोई कमी नहीं आने दी. बता दें, पिछले साल यानी 2025 में उनकी बड़ी बेटी ने 98.6% अंक लाकर जिला टॉपर बनने का गौरव हासिल किया था, जिसे संस्था की ओर से लैपटॉप देकर सम्मानित किया गया था.
फ्रेंड्स ऑफ़ वीकर सोसाइटी ने दिया प्रतिभा को सम्मान
इन होनहार बेटियों की बड़ी उपलब्धि को सम्मानित करते हुए फ्रेंड्स ऑफ वीकर सोसाइटी , रांची ने अपने ‘तालीमी तरक्की; और ‘शिक्षा को सम्मान’अभियान के तहत सराहनीय पहल की. संस्था ने पहली छात्रा को उर्सेलाइन कॉन्वेंट इंटर कॉलेज में नामांकन हेतु 20,000 रुपये की छात्रवृत्ति दी. वहीं, सबा परवीन को प्रोत्साहन स्वरूप 15,000 रुपये की छात्रवृत्ति देकर संत अलोइस इंटर कॉलेज में दाखिला सुनिश्चित कराया. उस वक्त मौजूद सभी लोग भावुक हो गाएं जब रुक्सार पैरवीन चेक लेते समय भावुक हो कर नम आंखों से उन्होंने ने कहा- मैं सोसाइटी का यह स्कालरशिप का हक अदा करुंगी और अच्छा रिजल्ट कर दिखाऊंगी.
ये बेटियां समाज के लिए मिसाल हैं- तनवीर अहमद
इस मौके पर फ्रेंड्स ऑफ विकर सोसाइटी के अध्यक्ष तनवीर अहमद ने कहा- तालीम ही वह ताकत है, जो इंसान को हर मुश्किल से निकालकर कामयाबी की ऊंचाइयों तक पहुंचाती है. आज जिन बेटियों ने शानदार प्रदर्शन किया है, वे पूरे समाज के लिए मिसाल हैं. हमें चाहिए कि हम अपनी बेटियों की शिक्षा पर विशेष ध्यान दें, क्योंकि जब एक बेटी पढ़ती है तो पूरा परिवार और समाज तरक्की करता है. फ्रेंड्स ऑफ वीकर सोसाइटी हमेशा ऐसे ही होनहार बच्चों के साथ खड़ी रहेगी और उन्हें आगे बढ़ाने में हर संभव मदद करती रहेगी.
वहीं सोसाइटी के सरपरस्त इरशाद अहमद ने अपने विचार रखते हुए कहा- गरीबी कभी भी हुनर और काबिलियत के रास्ते में दीवार नहीं बन सकती, अगर हौसला मजबूत हो. आज जिन बच्चियों को सम्मानित किया गया है, उन्होंने यह साबित कर दिया है कि मेहनत और लगन से हर मुकाम हासिल किया जा सकता है. हमारी जिम्मेदारी है कि हम ऐसे बच्चों को पहचानें और उन्हें सही दिशा देने के साथ-साथ सहयोग भी करें, ताकि वे अपने सपनों को साकार कर सकें.
सोसाइटी के महा सचिव कमर सिद्दीकी ने कहा की फ्रेंड्स ऑफ वीकर सोसाइटी, रांची लगातार ‘तालीम की ताकत और शिक्षा को सम्मान’ के अपने मिशन को आगे बढ़ाते हुए समाज के कमजोर तबके के प्रतिभाशाली बच्चों को न सिर्फ पहचान दे रही है, बल्कि उन्हें आगे बढ़ने के लिए ठोस सहयोग भी प्रदान कर रही है. यह संस्था उन सपनों को उड़ान दे रही है, जो आर्थिक तंगी के कारण अक्सर अधूरे रह जाते हैं.
आज हमारी बेटियों की सफलता न सिर्फ उनके परिवार के लिए फक्र की बात है, बल्कि पूरे समाज के लिए एक प्रेरणा है कि हालात चाहे जैसे भी हों, अगर हौसले बुलंद हों तो मंजिल जरूर मिलती है. इसी अवसर पर आयोजित कार्यक्रम में संस्था के अध्यक्ष तनवीर अहमद , सरपरस्त एवं स्टेयरिंग कमिटी के सदस्य इरशाद अहमद , महासचिव कमर सिद्दीकी सहित अन्य गणमान्य लोग उपस्थित रहे.
