पिपरवार.
रैयत विस्थापित मोर्चा का 14 अक्तूबर से अनिश्चितकालीन बंद की घोषणा के बाद राजधर साइडिंग के विस्थापित रैयतों ने जीएम को ज्ञापन सौंप कर बंद के खिलाफ प्रशासनिक कार्रवाई की मांग की है. ज्ञापन में बताया गया है कि रैविमो रोजगार व मुआवजा को लेकर एकमुश्त भुगतान की मांग कर रहा है, जो रैयतों की दस्तावेजों की जांच व सत्यापन प्रक्रिया के पूर्ण होने पर ही संभव है. पत्र में बताया गया है कि कनौदा, बहेरा, राजधर, कल्याणपुर, सिदालु आदि गांवों के लगभग 250 विस्थापित राजधर साइडिंग के विभिन्न कार्य में लगे हैं. वर्तमान में रोजगार से संबंधित कोई विवाद या लंबित मामला नहीं हैं. ऐसे में रैविमो की राजधर साइडिंग में बाधा उत्पन्न करने का प्रयास असंवैधानिक है. साइडिंग के रैयत, बहेरा पंचायत की मुखिया व वार्ड सदस्यों ने जीएम को उक्त जानकारी देते हुए आवश्यक प्रशासनिक कार्रवाई करते हुए साइडिंग में कार्यरत श्रमिकों के नियमित रोजगार सुनिश्चित करने की मांग की है.डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है
