रांची: झामुमो महासचिव विनोद कुमार पांडेय ने भाजपा पर झारखंड के छात्रों के भविष्य के साथ खिलवाड़ करने का आरोप लगाया है. उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन के नेतृत्व वाली सरकार छात्रों की मांगों को लेकर संवेदनशील है और करीब 98 प्रतिशत मांगों पर सहमति जताई है.
सरकार ने उठाए कई कदम
विनोद पांडेय ने कहा कि 14वीं जेपीएससी और बैकलॉग परीक्षाओं की जांच, आपराधिक मामलों की सीआईडी जांच, वित्तीय अनियमितताओं की जांच के लिए ईडी से अनुरोध, दोषियों के खिलाफ 90 दिनों में चार्जशीट के लिए फास्ट ट्रैक कोर्ट और आयोग में व्यापक सुधार जैसे कदम सरकार ने उठाए हैं.
उन्होंने कहा कि जेएसएससी सीजीएल परीक्षा रद्द करने की मांग पर सरकार ने कानूनी और व्यावहारिक स्थिति स्पष्ट कर दी है. परीक्षा उच्चतम न्यायालय और उच्च न्यायालय के आदेश के बाद हुई, परिणाम घोषित हो चुका है और चयनित अभ्यर्थी नौकरी कर रहे हैं. ऐसे में परीक्षा रद्द करना हजारों युवाओं के भविष्य के साथ अन्याय होगा. सरकार ने इसके बजाय सेवानिवृत्त न्यायाधीश की अध्यक्षता में सीआईडी की निगरानी में स्वतंत्र जांच का प्रस्ताव दिया है.
सीबीआई जांच को लेकर भाजपा पर निशाना
विनोद पांडेय ने भाजपा पर सीबीआई जांच की आड़ में भर्ती परीक्षाओं को फिर विवाद और कानूनी उलझनों में फंसाने का आरोप लगाया. उन्होंने कहा कि पहली और दूसरी जेपीएससी की सीबीआई जांच का क्या नतीजा निकला, यह सभी जानते हैं. भाजपा को बताना चाहिए कि वर्षों चली जांच से युवाओं को क्या मिला.
उन्होंने भाजपा के शासनकाल में भी जेपीएससी परीक्षाओं में कथित अनियमितता, कॉपियों में हेरफेर, नंबर बढ़ाने, भाई-भतीजावाद और चयन प्रक्रिया की पारदर्शिता को लेकर उठे सवालों का जिक्र किया. पांडेय ने कहा कि भाजपा आज युवाओं के हित की बात कर रही है, लेकिन राज्य और देश के युवा उसकी राजनीति को समझते हैं.
उन्होंने कहा कि झारखंड का युवा जागरूक है और भाजपा की चाल को अच्छी तरह समझता है. भाजपा छात्रों के भविष्य के साथ खिलवाड़ कर रही है और झारखंड में उसके राजनीतिक मंसूबे कभी कामयाब नहीं होंगे.
