आगे आये अमन पसंद लोग, अफवाह को खारिज कर बदला माहौल
रांची : सीएए के विरोध में हज हाउस स्थित कडरू में अनिश्चितकालीन धरना 15वें दिन भी जारी रहा. धरना में सोमवार को दूर-दराज की कई महिलाएं भी शामिल हुईं. इस दौरान शरारती तत्वों द्वारा पहले यह अफवाह उड़ायी गयी कि धरना स्थल के समीप से सीएए समर्थकों का जुलूस गुजरने वाला है.
फिर यह अफवाह फैली कि बाइक सवार तीन युवक नारे लगाते हुए गुजरे हैं. फिर एक पुरानी तस्वीर वायरल कर यह अफवाह फैलाने की कोशिश की गयी कि एक समुदाय के लोगों ने दूसरे समुदाय के कुछ युवकों की पिटाई कर दी है. एक के बाद एक अफवाह से पुलिस-प्रशासन की नींद उड़ गयी.
इसके बाद पुलिस-प्रशासन ने मामले को गंभीरता से लिया. बड़ी संख्या में पुलिस बलों की तैनात कर दी गयी. डर से कुछ दुकानदारों ने अपनी-अपनी दुकानों का शटर डाउन कर दिया. हालांकि धरना दिन भर शांतिपूर्वक रहा. वहां से सीएए के समर्थन में कोई जुलूस नहीं निकला. इसके बाद लोगों ने राहत की सांस ली. अमन पसंद लोगों ने भी अफवाह को खारिज करने में अपनी भूमिका निभायी.
धरना के दौरान सल्ली अफजल ने कहा कि 15 दिनों से धरना जारी है, लेकिन सरकार इस पर कोई विचार नहीं कर रही है. जब तक सीएए को वापस नहीं लिया जायेगा, तब तक धरने पर बैठे रहेंगे. गजाला तसनीम ने कहा कि हम अपनी जिंदगी में पहली बार धरना पर बैठे हैं. रानी परवीन ने बताया कि हम संविधान को माननेवाले हैं और संविधान के अनुरूप ही धरना प्रदर्शन कर रहे हैं. शबाना परवीन ने कहा कि यह काला कानून केंद्र सरकार वापस ले. हमारी लड़ाई किसी से नहीं है.
शम्स परवीन ने कहा कि सुप्रीम कोर्ट को संज्ञान में लेकर इस पर फैसला करना चाहिए. सुल्ताना परवीन ने कहा कि आज हमारा देश किस तरफ जा रहा है. विकास का कोई काम नहीं हो रहा है. फातिमा समीर ने नागपुर कर कोरा गीत के जरिये सीएए, एनआरसी व एनपीआर का विरोध किया. इस मौके पर झारखंड आंदोलनकारी नेता आजम अहमद सहित अन्य ने भी अपने विचार रखे.
