रांची : नागरिकता संशोधन बिल का कई मुस्लिम संगठनों ने विरोध किया है. रिसालदार बाबा मस्जिद के बाहर शुक्रवार को लोगों ने विरोध प्रदर्शन किया. एदारा शरिया के नाजिम आला मौलाना कुतुबुद्दीन रिजवी ने कहा कि यह बिल धारा 14, 15, 21 और अन्य धाराओं के विरुद्ध देश के इतिहास में काला अध्याय है. देश की जनता इस बिल को स्वीकार नहीं कर सकती है.
देश धर्म और जात की बुनियाद पर नहीं चलता, बल्कि संविधान और लोकतांत्रिक प्रक्रिया पर चलता है. जमीयत उलेमा झारखंड के महासचिव मौलाना अबू बकर कासमी ने कहा कि सीएबी और एनआरसी के खिलाफ पूरे हिंदुस्तान में विरोध हुआ है. विरोध प्रदर्शन के बाद डीसी रांची को ज्ञापन सौंपा गया. इस मौके पर मुफ्ती फैजुल्ला मिस्बाही, मौलाना जसीमुद्दीन, कारी अय्यूब, अकील उर रहमान, मौलाना अबू बकर कासमी, मौलाना अब्दुस समी, मुफ्ती कमरे आलम, कारी एहसान, हाफिज अबुल कलाम, हाजी मुख्तार, मौलाना तौफिक अहमद कादरी, हाफिज उल हसन आदि लोग मौजूद थे.
