रांची : रांची जिले में आज तक आकस्मिक खाद्यान्न कोष का गठन नहीं हो पाया है. चिंता का विषय यह भी है कि जनप्रतिनिधि भी इसमें दिलचस्पी नहीं ले रहे हैं. ऐसे में राजधानी के किसी भी वार्ड में योजना की अहर्ता रखनेवालों को इसका लाभ अब तक नहीं मिला है. योजना के तहत ऐसे लाभुकों का चयन करना है, जो स्वयं जीविका चलाने में असमर्थ हैं. साथ ही उनके पास राशन कार्ड भी नहीं है.
योजना शुरू करते समय जनप्रतिनिधियों को स्पष्ट तौर निर्देश दिया गया था कि स्थानीय लोगों के साथ निगरानी समिति की बैठक कर आकस्मिक खाद्यान्न कोष व राष्ट्रीय अन्नपूर्णा योजना के तहत 60 वर्ष से अधिक आयु वाले लाभुकों का चयन करते हुए उन्हें 10 किलो अनाज उपलब्ध कराएं.लेकिन, अब तक मात्र 12 पंचायतों में बैठक करने कीसूचना जिला आपूर्ति कार्यालय को दी गयी है.
वार्ड पार्षदों को दी गयी है इसके लिए राशि
इस कोष के तहत जिले के 303 पंचायतों के मुखिया, निगम क्षेत्र के 53 वार्ड पार्षदों व बुंडू अनुमंडल के 13 वार्ड पार्षदों को 10 हजार रुपये प्रदान किया गया है. इस कोष का उपयोग की विशेष शक्ति पंचायत व वार्ड प्रतिनिधियों को प्रदान की गयी है.जिला आपूर्ति कार्यालय से निगरानी समिति की बैठक कर योजना का लाभ देने के लिए कई बार निर्देश दिया गया. योजना के लाभुकों की सूची भी मांगी गयी,लेकिन अभी तक सूची कार्यालय को नहीं दी गयी है.
