रांची : ऊर्जा सचिव वंदना डाडेल की अध्यक्षता में सोमवार को प्रोजेक्ट भवन में चेंबर और इंडस्ट्रीज की बैठक हुई. इसमें जेबीवीएनएल की बढ़ती हानि, डीवीसी-टीवीएनएल की बढ़ती बकाया राशि, डीवीसी कमांड एरिया में लोड शेडिंग, टीवीएनएल द्वारा बार-बार उत्पादन में कटौती पर चर्चा की गयी. चेंबर ने सुझाव दिया कि बिजली खरीद को नियामक आयोग के निर्देशों के अनुसार विनियमित किया जाना चाहिए. ऊर्जा लेखांकन व निजी वितरण लाइसेंसधारियों को शामिल करके अपने नुकसान को कम किया जा सकता है.
वहीं, आपूर्ति की गुणवत्ता में सुधार लाने के लिए जेबीवीएनएल के संचालन के क्षेत्र को कम किया जा सकता है. ऊर्जा सचिव को बताया गया कि पावर ग्रिड जेयूएसएनएल के अधिकार क्षेत्र में हैं. वहां क्षमता, रख-रखाव की समस्या भी बनी हुई है. इस कारण शटडाउन-ट्रिपिंग जारी है. बारिश के दौरान ग्रिड से बिजली आपूर्ति बंद कर दी जाती है, जबकि तकनीकी रूप से ग्रिड में सभी उपकरणों को गर्मी, तूफान और भारी बारिश के खिलाफ उचित सुरक्षात्मक उपकरण माना जाता है. बैठक में चेंबर अध्यक्ष दीपक कुमार मारू, चेयरमैन बिनोद तुलस्यान व अजय भंडारी मौजूद थे.
