रांची : सुजाता चौक पर वाहन जांच के दौरान बुधवार को दिन के 12 बजे युवक सोनू मिश्रा और ट्रैफिक पुलिस के बीच विवाद हो गया. इस क्रम में ट्रैफिक पुलिस व सोनू मिश्रा के बीच मारपीट हुई, जिसमें सोनू पुलिस की पिटाई से घायल हो गया. निजी नर्सिंग हाेम में उसका इलाज कराया गया. सोनू मिश्रा ने बताया कि वह अपने मित्र मारवाड़ी युवा मंच के अध्यक्ष तुषार विजयवर्गीय के साथ एक स्कूटी पर सुजाता चौक की ओर जा रहा था. तभी बिना हेलमेट के वाहन चलाने के कारण ट्रैफिक पुलिसकर्मियों ने उसे रोका और उसके साथ मारपीट की़
सुजाता चौक पर युवक व ट्रैफिक पुलिस कर्मियों के बीच मारपीट, युवक घायल
रांची : सुजाता चौक पर वाहन जांच के दौरान बुधवार को दिन के 12 बजे युवक सोनू मिश्रा और ट्रैफिक पुलिस के बीच विवाद हो गया. इस क्रम में ट्रैफिक पुलिस व सोनू मिश्रा के बीच मारपीट हुई, जिसमें सोनू पुलिस की पिटाई से घायल हो गया. निजी नर्सिंग हाेम में उसका इलाज कराया गया. […]

बिना हेलमेट पहने वाहन चला रहा था युवक, पुलिस के रोकने पर हुआ विवाद
हेलमेट नहीं पहनने के कारण रोका गया था
ट्रैफिक पुलिसकर्मियों का कहना है कि हेलमेट नहीं पहनने व लाइसेंस नहीं रहने पर उनसे जुर्माना मांगा गया, तो सोनू व तुषार विजयवर्गीय उनसे उलझ गये और दुर्व्यवहार करने लगे़ बाद में ट्रैफिक डीएसपी रंजीत लकड़ा पहुंचे, तो वे उनसे भी उलझ गये. फिर बात मारपीट तक पहुंच गयी.
वरदी उतरवाने की धमकी दे रहे थे युवक : डीएसपी
ट्रैफिक डीएसपी रंजीत लकड़ा ने बताया कि उक्त युवक सत्ताधारी पार्टी का कार्यकर्ता होने की धौंस जमा रहे थे और वरदी उतरवाने की धमकी दे रहे थे़ बिना हेलमेट वाहन चलाने पर जब ट्रैफिक पुलिसकर्मी ने उन्हें रोका, तो वे जवानों के साथ उलझ गये़ उनलोगों के मारपीट पर उतारू होने के बाद पीसीआर बुलाया गया. पीसीआर में बैठने के दौरान सोनू भागने लगा, तो जवानों ने दौड़ा कर उसे पकड़ा. इसी दौरान उसे चोट लगी.
चुटिया थाने में दोनों पक्षों ने दर्ज करायी शिकायत
ट्रैफिक पुलिस व युवक के बीच मारपीट मामले में ट्रैफिक डीएसपी रंजीत लकड़ा तथा सोनू मिश्रा ने लिखित शिकायत की है. चुटिया पुलिस का कहना है कि मामले की जांच की जा रही है़
बटन कैमरा नहीं रहने पर एएसआइ निलंबित : बटन कैमरा (खुफिया कैमरा) नहीं रहने के कारण सुजाता चौक पर तैनात एएसअाई संजय कुमार मिश्रा को निलंबित कर दिया गया है़ बटन कैमरा उन्हें ट्रैफिक पुलिस के साथ हो रहे दुर्व्यवहार को कैद करने के लिए दिया गया था, ताकि सच्चाई सामने आ सके़