चूल्हे से निकली चिंगारी से 10 लाख संपत्ति खाक, घर तो गया; जीवन में भी लगी आग

Palamu Fire: पलामू के कऊवल गांव में चूल्हे की चिंगारी से भीषण आग लगने से 10 लाख की संपत्ति जलकर खाक हो गई. शिव शंकर ठाकुर का परिवार बेघर हो गया है. दमकल की देरी से नुकसान बढ़ा. ग्रामीणों ने प्रशासन से राहत और स्थायी दमकल व्यवस्था की मांग की है. इससे जुड़ी खबर नीचे पढ़ें.

पलामू से निखिल सिन्हा की रिपोर्ट

Palamu Fire: झारखंड के पलामू जिले के छतरपुर थाना क्षेत्र अंतर्गत कऊवल गांव में गुरुवार रात एक बड़ा अग्निकांड सामने आया है. इस घटना में शिव शंकर ठाकुर के घर में आग लगने से करीब 10 लाख रुपये की संपत्ति जलकर पूरी तरह खाक हो गई. घटना रात करीब 9 बजे की बतायी जा रही है, जब परिवार सामान्य रूप से घर के अंदर दैनिक कार्यों में व्यस्त था.

चूल्हे की चिंगारी से घर में लगी आग

पीड़ित शिव शंकर ठाकुर ने बताया कि उनकी पत्नी घर में चूल्हे पर खाना बना रही थी. इसी दौरान अचानक चूल्हे से निकली एक चिंगारी उड़कर घर के छप्पर पर जा गिरी. देखते ही देखते आग ने विकराल रूप धारण कर लिया और पूरे घर को अपनी चपेट में ले लिया.

घर का सारा सामान जलकर हुआ नष्ट

इस आगजनी में घर में रखा लगभग सारा सामान जलकर राख हो गया. पीड़ित के अनुसार, सोने-चांदी के आभूषण, इलेक्ट्रॉनिक उपकरण, पलंग, अलमारी, कपड़े और अन्य घरेलू सामान पूरी तरह नष्ट हो गए. इतना ही नहीं, घर में रखा अनाज भी आग की भेंट चढ़ गया, जिससे परिवार के सामने अब खाने-पीने की भी गंभीर समस्या खड़ी हो गई है. आग इतनी तेजी से फैली कि परिवार को सामान बचाने का मौका तक नहीं मिल पाया. ग्रामीणों की मदद से किसी तरह परिवार के सदस्य सुरक्षित बाहर निकल पाए, लेकिन घर को बचाया नहीं जा सका.

दमकल की देरी से बढ़ा नुकसान

घटना के बाद ग्रामीणों ने तुरंत हुसैनाबाद स्थित दमकल विभाग को सूचना दी. सूचना मिलने के बाद दमकल की गाड़ी मौके पर पहुंची और काफी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया गया. हालांकि, तब तक घर पूरी तरह जल चुका था. ग्रामीणों का कहना है कि अगर समय पर दमकल की सुविधा उपलब्ध होती, तो नुकसान को काफी हद तक रोका जा सकता था. छतरपुर अनुमंडल में दमकल की स्थायी व्यवस्था नहीं होने के कारण हर बार आगलगी की घटनाओं में भारी नुकसान उठाना पड़ता है.

स्थानीय व्यवस्था पर उठे सवाल

ग्रामीणों ने प्रशासन पर सवाल उठाते हुए कहा कि इलाके में दमकल केंद्र की कमी एक बड़ी समस्या बन चुकी है. हुसैनाबाद और मेदिनीनगर से दमकल वाहन आने में काफी समय लग जाता है, जिसके चलते आग पर समय रहते नियंत्रण नहीं हो पाता. इस घटना ने एक बार फिर स्थानीय प्रशासन की तैयारी और संसाधनों की कमी को उजागर कर दिया है. ग्रामीणों ने मांग की है कि छतरपुर अनुमंडल में जल्द से जल्द दमकल की व्यवस्था की जाए, ताकि भविष्य में ऐसी घटनाओं से नुकसान कम किया जा सके.

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पीड़ित परिवार बेघर, मुआवजे की मांग

घटना के बाद शिव शंकर ठाकुर का परिवार पूरी तरह बेघर हो गया है. फिलहाल वे अपने बड़े भाई के घर में शरण लिए हुए हैं. उनके सामने अब रहने और भरण-पोषण की गंभीर समस्या खड़ी हो गई है. हालांकि, अभी तक पीड़ित द्वारा प्रशासन को मुआवजे के लिए औपचारिक आवेदन नहीं दिया गया है, लेकिन उन्होंने सरकार से आर्थिक सहायता की मांग की है. वहीं, घटना की सूचना मिलते ही पुलिस भी मौके पर पहुंची और स्थिति का जायजा लिया. प्रशासन द्वारा आगे की कार्रवाई की जा रही है.

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लेखक के बारे में

By KumarVishwat Sen

कुमार विश्वत सेन प्रभात खबर डिजिटल में डेप्यूटी चीफ कंटेंट राइटर हैं. इनके पास हिंदी पत्रकारिता का 25 साल से अधिक का अनुभव है. इन्होंने 21वीं सदी की शुरुआत से ही हिंदी पत्रकारिता में कदम रखा. दिल्ली विश्वविद्यालय से हिंदी पत्रकारिता का कोर्स करने के बाद दिल्ली के दैनिक हिंदुस्तान से रिपोर्टिंग की शुरुआत की. इसके बाद वे दिल्ली में लगातार 12 सालों तक रिपोर्टिंग की. इस दौरान उन्होंने दिल्ली से प्रकाशित दैनिक हिंदुस्तान दैनिक जागरण, देशबंधु जैसे प्रतिष्ठित अखबारों के साथ कई साप्ताहिक अखबारों के लिए भी रिपोर्टिंग की. 2013 में वे प्रभात खबर आए. तब से वे प्रिंट मीडिया के साथ फिलहाल पिछले 10 सालों से प्रभात खबर डिजिटल में अपनी सेवाएं दे रहे हैं. इन्होंने अपने करियर के शुरुआती दिनों में ही राजस्थान में होने वाली हिंदी पत्रकारिता के 300 साल के इतिहास पर एक पुस्तक 'नित नए आयाम की खोज: राजस्थानी पत्रकारिता' की रचना की. इनकी कई कहानियां देश के विभिन्न पत्र-पत्रिकाओं में प्रकाशित हुई हैं.

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