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प्रभात इम्पैक्ट : दस वर्षीय बच्चे से बंधुआ मजदूरी कराने के मामले पर हाईकोर्ट ने मांगी रिपोर्ट, एफआईआर दर्ज

By Prabhat Khabar Print Desk
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prabhat khabar impact on koderma news : कुंडीधनवार में दस वर्षीय बच्चे से बंधुआ बाल मजदूरी कराने के मामले में हाईकोर्ट ने लिया संज्ञान
prabhat khabar impact on koderma news : कुंडीधनवार में दस वर्षीय बच्चे से बंधुआ बाल मजदूरी कराने के मामले में हाईकोर्ट ने लिया संज्ञान
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कोडरमा : नवलशाही थाना क्षेत्र के कुंडीधनवार में दस वर्षीय बच्चे से बंधुआ बाल मजदूरी कराने के मामले में हाईकोर्ट ने संज्ञान लिया है. अखबार में प्रकाशित समाचार के आधार पर हाईकोर्ट ने जिला विधिक सेवा प्राधिकार कोडरमा के सचिव से पूरी रिपोर्ट तलब की है.

यही नहीं 24 घंटे के अंदर पूरे मामले में रिपोर्ट प्रस्तुत करने का आदेश दिया गया है. ऐसे में घोषित छुट्टी के बावजूद कोडरमा अदालत परिसर में संचालित डीएलएसए के कार्यालय को शनिवार को विशेष तौर पर खोला गया और यहां पर पीड़ित बच्चे व अन्य सभी का बयान दर्ज किया गया. इधर, बंधुआ बाल मजदूरी कराने के आरोप में नवलशाही थाना में केस भी दर्ज कर लिया गया है.

प्रभात इम्पैक्ट : दस वर्षीय बच्चे से बंधुआ मजदूरी कराने के मामले पर हाईकोर्ट ने मांगी रिपोर्ट, एफआईआर दर्ज
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श्रम अधीक्षक अभिषेक वर्मा के आवेदन पर दर्ज कांड संख्या 98/20 में कुंडीधनवार निवासी कथित महाजन चेतलाल पांडेय को आरोपी बनाया गया है. जानकारी के अनुसार नवलशाही के कुंडीधनवार में बंधुआ बाल मजदूरी कराने की शिकायत मिलने पर गत दिन चाइल्ड लाइन की टीम ने नवलशाही थाना पुलिस के सहयोग से रेस्क्यू अभियान चलाया था.

बंधुआ बाल मजदूरी को लेकर एक वीडियो सामने आने व 1098 पर मिली शिकायत के बाद चालल्ड लाइन की टीम गांव पहुंची थी तो बच्चा कथित महाजन के यहां से बरामद किया गया था. बच्चे को रेस्क्यू करने के बाद उसने बयान दिया था कि करीब एक वर्ष से वह यहां काम कर रहा है. उसके पिता ने कुछ पैसे चेतलाल पांडेय से कर्ज के रूप में लिए थे.

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रेस्कयू के बाद बच्चे ने सीडब्ल्यूसी के समक्ष पूरी आपबीती बताई थी, जबकि पिता ने पत्नी के इलाज के लिए बीस हजार रुपये बतौर कर्ज लेने की जानकारी दी थी. इस मामले को प्रभात खबर ने पिता ने लिया था कर्ज, नहीं चुका पाये तो दस साल के बेटे को बंधक रख दिया शीर्षक से 23 अक्टूबर को प्रमुखता से प्रकाशित किया था.

इस खबर पर हाईकोर्ट ने संज्ञान लेते हुए शुक्रवार देर शाम को ही डीएलएसए से पूरी रिपोर्ट तलब की. रिपोर्ट मांगे जाने के बाद शनिवार सुबह से लेकर दोपहर तक बच्चे व परिजनों के अलावा रेस्क्यू टीम में शामिल सदस्यों के अलावा नवलशाही थाना प्रभारी, बीडीओ, जिला बाल संरक्षण पदाधिकारी, श्रम अधीक्षक व अन्य का बयान दर्ज किया गया.

देर शाम पूरी रिपोर्ट हाईकोर्ट को भेजने की तैयारी थी. बताया जाता है कि पीड़ित बच्चा रेस्क्यू होने के बाद से सीडब्ल्यूसी के निर्देश पर चिल्ड्रेन होम में रह रहा है. शनिवार को भी वह अपने बयान पर कायम रहा.

बच्चे के पुर्नवास व मदद को लेकर भी तैयारी

मामले में हाईकोर्ट के द्वारा संज्ञान लिए जाने के बाद पीड़ित बच्चे के पुर्नवास व उसे पूरी मदद पहुंचाने को लेकर भी तैयारी शुरू हो गई है. शनिवार को इस मामले को लेकर जिला प्रशासन व शिक्षा विभाग के पदाधिकारियों के साथ भी डीएलएसए के द्वारा चर्चा की गई. बच्चे को उचित शिक्षा देने के साथ ही मुआवजा व परिवार को भी आर्थिक रूप से स्वालंबी बनाने की दिशा में कदम उठाने का निर्देश दिया गया है.

posted by : sameer oraon

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