रांची में 16 व 17 फरवरी को होने वाले मोमेंटम झारखंड ग्लोबल इंवेस्टर समिट के विरोध में मंगलवार को जामताड़ा झामुमो जिला कमेटी द्वारा इंदिरा चौक में मुख्यमंत्री रघुवर दास का पुतला दहन किया गया.
जामताड़ा : पुतला दहन के लिए झामुमो जिला कार्यालय से रैली निकाल कर इंदिरा चौक पहुंचा. जहां नेता द्वारा नुक्कड़ सभा के माध्यम से रघुवर सरकार का जमकर विरोध किया. इस दौरान नाला विधायक सह झामुमो जिला महासचिव रवीन्द्र नाथ महतो ने कहा कि रघुवर सरकार रांची में 16 व 17 फरवरी को ग्लोबल इंवेस्टर समिट का आयोजन कर बाहरी पूंजीपति को बसाने का कार्य करेगी. जिसका झामुमो विरोध करती है. कहा रघुवर सरकार बाहरी पूंजीपति को राज्य में आमंत्रण देकर बुलाया है. साथ ही झारखंड के जमीन औद्योगपति के हाथों बेचा जायेगा. इसके लिए रघुवर सरकार ने सभी जिला से जमीन भी चिन्हित कर लिया है.
रघुवर के इस कारनामें से झारखंड के जनता परेशान है. झारखंड के आदिवासी मूलवासी का जमीन किसी भी हाल में हड़पने नहीं दिया जायेगा. राज्य के जनता के साथ झामुमो खड़ी है. विधायक श्री महतो ने कहा रघुवर सरकार को झामुमो उपद्रवी सरकार का नाम दिया है. कहा भाजपा सरकार द्वारा गोडडा में पावर प्लांट के लिए अडानी को जमीन दिया लेकिन उस पावर प्लांट से लाभ बांग्लादेश को होगा. गोडडा के जनता को किसी भी प्रकार का लाभ मिलने वाला नहीं है. होल्डिंग टैक्स बढ़ोतरी को लेकर श्री महतो ने कहा कि शहर में न रोड बनाए न शौलिट बेस्ट मैनेजमेंट बना और सरकार होल्डिंग टैक्स में बढ़ोतरी किया. कहा सरकार का साफ मंशा है कि राज्य के जनता के लिए कुछ नहीं करना है बल्कि सरकार पूंजीपति को सहायता करने में लगे है.
जिला अध्यक्ष श्यामलाल हेम्ब्रम ने कहा कि भाजपा की सरकार से जनता परेशान है. लोगों को नोटबंदी के नाम पर काफी परेशान किया.
गरीब लोगों को बैंक की कतार में खड़ा कर दिया जो बिल्कुल सरकार की गलत नीति है. कहा राज्य में लगने वाले औद्योगिक से यहां के स्थानीय लोगों को नौकरी मिलने वाला नहीं है. राज्य के जनता ऐसे झांसे में न आयें कि औद्योगिक लगेगा तो बेराजगारों को नौकरी मिलेगी. सभी प्रकार के कार्य टैक्नोलॉजी लोगों के द्वारा कार्य करवाया जायेगा. राज्य के नौजवान को किसी प्रकार का लाभ मिलने वाला नहीं है. रघवुर सरकार गरीब विरोधी सरकार है. जिससे राज्य का भला नहीं हो सकता है. कहा समय आने पर रघवुर सरकार को मुंहतोड़ जवाब मिलेगा. मौके पर प्रो कैलाश साव, हीरालाल सोरेन, मुखिया इम्तियाज अंसारी, साकेश सिंह, बासुदेव मरांडी, जयेश्वर मुर्मू, देवीसन हांसदा, नरेन्द्र मुर्मू, कमल टुडू, परेश मुर्मू, मुस्तकिम अंसारी सहित अन्य कार्यकर्तामौजूद थे.
