jamshedpur news : एक दिन में 18 ट्रेनें लेट, इस्पात एक्सप्रेस 12 घंटे से अधिक देर से पहुंची स्टेशन

जनआंदोलन के बिगुल के बीच टाटानगर स्टेशन पर ट्रेनों की लेटलतीफी बरकरार

jamshedpur news : टाटानगर स्टेशन पर ट्रेनों की लेटलतीफी का सिलसिला थमने का नाम नहीं ले रहा है. सांसद और विधायक के दबाव के बावजूद किसी तरह का सुधार नहीं होने पर लोगों में गुस्सा है. यहां तक कि रेलवे संघर्ष समिति ने गत दिनों इस मुद्दे को लेकर स्टेशन पर धरना-प्रदर्शन करने के साथ जनआंदोलन की चेतावनी भी दी है. इसे लेकर जल्द ही हस्ताक्षर अभियान भी चलाने की बात कही है. लेकिन, रेलवे का इस ओर किसी तरह का ध्यान नहीं है. इसी का परिणाम है कि एक बार फिर गत बुधवार को टाटानगर से होकर गुजरने वाली करीब 18 ट्रेनें लेट से ही स्टेशन पहुंचीं. यह सिलसिला गुरुवार को भी जारी रहा, जिसकी शिकायत यात्रियों ने सोशल मीडिया हैंडल पर भी की है और इसको लेकर आवश्यक कार्रवाई की मांग की है. रेलवे की कारगुजारी का अंदाजा इस बात से लगाया जा सकता है कि बुधवार को टिटलागढ़ इस्पात एक्सप्रेस जैसी ट्रेन 12 घंटे से भी अधिक समय की देर से टाटानगर पहुंची. भीषण गर्मी के बीच लोगों को ट्रेन का इंतजार करना पड़ रहा है और जो लोग ट्रेन में हैं, वे लोग बेबस हो जा रहे हैं. वहीं, गुरुवार को भी ट्रेनों के लगातार देर होने के कारण टाटानगर स्टेशन पर जनशताब्दी को रद्द कर दिया गया. यह ट्रेन हावड़ा से बड़बिल तक चलती है. अचानक लिये गये इस फैसले से यात्रियों को परेशानी का सामना करना पड़ा. लोगों को टाटानगर में ही उतरना पड़ा और यहां से बड़बिल बस या अन्य साधन से गये. इसके अलावा स्टील एक्सप्रेस, आजाद हिंद, ज्ञानेश्वरी और मुंबई मेल जैसी महत्वपूर्ण ट्रेनें भी 1 से 4 घंटे की देरी से टाटानगर पहुंचीं. स्टील एक्सप्रेस 1 घंटा 55 मिनट, इतवारी एक्सप्रेस 6 घंटे 49 मिनट, सांतरागाछी साप्ताहिक सुपरफास्ट 10 घंटे, जबलपुर हमसफर एक्सप्रेस 6 घंटे 51 मिनट, हावड़ा दुरंतो एक्सप्रेस 5 घंटे 32 मिनट और कलिंग उत्कल एक्सप्रेस 4 घंटे 10 मिनट देर से चली.

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By AKHILESH KUMAR

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