श्री चौधरी ने कहा कि क्या इससे नौकरियां जायेंगी? उन्होंने कहा कि इस संबंध में कई सवाल उठ जरूर रहे हैं, लेकिन मेरा मानना है कि इससे नौकरियां नहीं जायेंगी. अलबत्ता, उन्होंने कहा, अगर कोई सिर्फ मोनीटरिंग के लिए सीढ़ियों पर चढ़ता है तो उसके घुटने में दर्द हो जाता है. उन्होने कहा कि इससे बचने तथा लोगों को सहूलियत देने के लिए ही डिजिटाइजेशन हो रहा है. समापन समारोह में प्रेसिडेंट आनंद सेन भी मौजूद थे.
श्री सेन ने कहा कि जिस तरह एटीएम आया तो बैंकिंग सेक्टर में सहूलियत शुरू हुई, ठीक उसी तरह टाटा स्टील में भी इस सिस्टम को लागू किया जा रहा है. बैठक में उपस्थित यूनियन अध्यक्ष आर रवि प्रसाद ने भी इसका समर्थन किया. इस मौके पर इंटक के राष्ट्रीय महामंत्री राजेंद्र सिंह, संतोष महतो समेत तमाम लोग मौजूद थे. ज्वाइंट कंसल्टेशन के अंतिम दिन सभी टीमों ने प्रेसिडेंट आनंद सेन के समक्ष अपना पक्ष रखा. इस कार्यक्रम में मैनेजमेंट की ओर से प्रकाश सिंह, उत्तम सिंह, अक्षय खुल्लर, यूनियन की ओर से महामंत्री बीके डिंडा, उपाध्यक्ष अरविंद पांडेय, सहायक सचिव सतीश सिंह समेत तमाम लोगों ने बढ़ चढ़कर हिस्सा लिया.
