विरोध. विद्यार्थियों ने समाहरणालय के समक्ष दिया धरना, कहा
हजारीबाग : आदिवासी छात्रावास में व्याप्त समस्याओं को लेकर छात्रावास के विद्यार्थियों ने शनिवार को समाहरणालय के समक्ष एकदिवसीय धरना-प्रदर्शन किया. इसकी अध्यक्षता अनिल टोप्पों ने की, जबकि संचालन नरेश मुंडा व सविता खाका ने किया. अनिल टोप्पो ने कहा कि कल्याण विभाग छात्रावास के रख-रखाव के प्रति उदासीन है. मुख्य द्वार के समक्ष 20 फीट का गड्ढा हो जाने से विद्यार्थियों आने-जाने में परेशानियों का सामना करना पड़ता है. उन्होंने छात्रावास में गेट लगाने की मांग की. छात्रावास प्रांगण में आदिवासियों का धर्म स्थल सरना की सुरक्षा की मांग की.
आदिम जनजाति बालक छात्रावास में गैर-आदिवासियों का कब्जा हो गया है. खाली कराने के लिए जिला प्रशासन से लगातार से अनुरोध किया गया, लेकिन अब तक कार्रवाई नहीं हुई. श्री टोप्पो ने मांग की कि अनुसूचित जनजाति बालक छात्रावास, जो पूर्व से बन कर तैयार और खाली पड़ा है, उस छात्रावास को अनुसूचित जनजाति बालिकाओं के लिए आवंटित किया जाये. बैठक के बाद छह सूत्री मांग पत्र उपायुक्त को सौंपा गया. धरना में सुशील ओड़ेया, नरेश मुंडा, अजय उरांव, राजीव किंडो, आदित्य लिंडा, नीरज टोप्पो, अजय प्प्पो, संजय बाखला, सुरेश हंसदा, राजेश,रंजन,प्ड़िया मुंडा, विष्णु, बंधु, संजय, सुनील, अरविंद, गणेश, बिरसा, पंकज, प्रदीप, संतोष, श्रवण मिंज, सिकंदर भंडारी समेत सैकड़ों की संख्या में लोग मौजूद थे.
