गुमला. झारखंड सरकार के गृह, कारा व आपदा प्रबंधन विभाग के अंतर्गत कारा एवं सुधारात्मक सेवाएं निरीक्षणालय द्वारा मंडल कारा गुमला के नवनिर्मित विस्तारित खंड का उद्घाटन किया गया. आधुनिक सुविधाओं से लैस इस नये खंड के शुरू होने से बंदियों के रख-रखाव, सुरक्षा व सुधारात्मक कार्यक्रमों को नयी दिशा मिलेगी. कार्यक्रम का उद्घाटन मुख्य अतिथि आइजी सुदर्शन प्रसाद मंडल ने फीता काट कर और शिलापट्ट का अनावरण कर किया. इसके बाद उन्होंने अन्य अधिकारियों के साथ नवनिर्मित भवन का निरीक्षण किया. नये विस्तारित खंड में आधुनिक सुरक्षा मानकों के अनुरूप 150-150 बंदी क्षमता वाले दो बड़े बैरकों का निर्माण किया गया है. इसके अलावा बीमार बंदियों के उपचार के लिए 16 बेड का सर्वसुविधायुक्त अस्पताल वार्ड भी बनाया गया है. मौके पर आइजी सुदर्शन प्रसाद मंडल ने कहा कि राज्य सरकार कारागारों को केवल सजा का केंद्र नहीं, बल्कि वास्तविक सुधार गृह के रूप में विकसित करने के लिए प्रतिबद्ध है. उन्होंने कहा कि नये बैरक और अस्पताल वार्ड से न केवल क्षमता संबंधी समस्याएं दूर होंगी, बल्कि बंदियों के स्वास्थ्य, शिक्षा, कौशल विकास और अन्य रचनात्मक गतिविधियों के लिए बेहतर वातावरण उपलब्ध होगा. जेल अधीक्षक ने कहा कि मंडल कारा गुमला को आधुनिक और सुधारात्मक दृष्टिकोण से सुदृढ़ बनाने में यह नया खंड मील का पत्थर साबित होगा. कार्यक्रम में पुलिस अधीक्षक हारिश बिन जमां, डीएलएसए सचिव राम कुमार गुप्ता, सहायक कारा महानिरीक्षक तुषार रंजन गुप्ता, अपर समाहर्ता राजीव नीरज, एसडीपीओ सुरेश प्रसाद, भवन निर्माण विभाग के अभियंता एमपी सिंह, सदर अस्पताल के उपाधीक्षक डॉ अनुपम किशोर, मंडल कारा गुमला के अधीक्षक गोपाल चंद्र महतो आदि उपस्थित थे.
बंदियों को मिलेंगी आधुनिक सुविधाएं
गुमला मंडल कारा के विस्तारित खंड का उदघाटन
