हाथी ने कच्चा मकान को तोड़ा, 12 वर्षीय बच्चा दब कर हुआ घायल

मां ने बहादुरी दिखाते हुए मिट्टी में दबे बेटे को हाथी की मौजूदगी में निकाला बाहर

भरनो. प्रखंड के बूढ़ीपाठ गांव में बीती रात करीब 12 बजे एक हाथी ने उत्पात मचाते हुए रंजीत दास के कच्चे मकान को ध्वस्त कर दिया. इसमें घर में सो रहा 12 वर्षीय रघुनाथ दास दीवार के मलबे में दब कर गंभीर रूप से घायल हो गया. घटना के वक्त उर्मिला देवी अपने दो बेटों के साथ घर में सो रही थीं. अचानक दीवार गिरने से एक बेटा मिट्टी में दब गया. इस दौरान मां ने अदम्य साहस का परिचय देते हुए हाथी की मौजूदगी के बावजूद मिट्टी हटा कर बेटे को सुरक्षित बाहर निकाला. बताया गया कि उस समय हाथी कमरे के अंदर ही मौजूद था और वहां रखा चावल खा रहा था. घायल रघुनाथ के सिर में गंभीर चोटें आयी हैं. प्राथमिक उपचार के बाद उसे बेहतर इलाज के लिए सदर अस्पताल गुमला रेफर किया गया है. पीड़ित परिवार आर्थिक रूप से बेहद कमजोर है. घर का एकमात्र मिट्टी का कमरा ढहने से अनाज और घरेलू सामान बर्बाद हो गया. बच्चे का पिता दूसरे राज्य में मजदूरी करने गया हुआ है, जिससे परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है. हाथी ने गांव के अन्य हिस्सों में भी नुकसान पहुंचाया. नारायण दास के घर को आंशिक क्षति पहुंची, जबकि किसान बीरेश्वर उरांव के खेतों में लगी तरबूज, बैंगन, टमाटर और लौकी की फसल रौंद दी गयी. बीरेश्वर उरांव ने बताया कि जिला उद्यान विभाग के सहयोग से तैयार ग्रीन हाउस और सेमियालता के करीब 500 पौधों को भी हाथी ने नष्ट कर दिया. इसके अलावा रंथू उरांव के तरबूज और नारायण दास की केले की फसल को भी नुकसान पहुंचा है. गांव में तबाही मचाने के बाद हाथी नदी पार कर पंडरानी की ओर निकल गया. पीड़ित परिवारों ने वन विभाग से तत्काल जांच कर उचित मुआवजा देने की मांग की है.

वन विभाग ने पहुंचायी तत्काल राहत

हाथी के हमले में घायल हुए 12 वर्षीय रघुनाथ दास के परिजनों को वन विभाग ने तत्काल आर्थिक सहायता उपलब्ध करायी है. शुक्रवार को सदर अस्पताल गुमला पहुंच कर विभागीय अधिकारियों ने बच्चे के परिजनों से मुलाकात की और इलाज के लिए पांच हजार रुपये की अग्रिम मुआवजा राशि प्रदान की. वन विभाग ने बताया कि यह सहायता पीड़ित परिवार को तत्काल राहत पहुंचाने के उद्देश्य से दी गयी है. डॉक्टरों के अनुसार मलबे में दबने से गंभीर रूप से घायल रघुनाथ दास की स्थिति में लगातार सुधार हो रहा है और उसका समुचित इलाज जारी है. विभाग ने आश्वासन दिया है कि सरकारी प्रावधानों के तहत अन्य देय मुआवजे की प्रक्रिया जल्द पूरी की जायेगी.

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By Prabhat Khabar News Desk

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