छुक-छुक की आवाज सुनने को तरस रहे गुमलावासी

गुमला : भारत को आजाद हुए 72 साल हो गये, लेकिन आज तक गुमला रेलवे लाइन से नहीं जुड़ सका है. जबकि वर्ष 1975 से जनता गुमला को रेलवे से जोड़ने की मांग कर रही है. इसके लिए कई बार सर्वे भी हुआ, लेकिन हर समय राजनीति दांवपेंच के कारण मामला लटकता गया. जिसका नतीजा […]

गुमला : भारत को आजाद हुए 72 साल हो गये, लेकिन आज तक गुमला रेलवे लाइन से नहीं जुड़ सका है. जबकि वर्ष 1975 से जनता गुमला को रेलवे से जोड़ने की मांग कर रही है. इसके लिए कई बार सर्वे भी हुआ, लेकिन हर समय राजनीति दांवपेंच के कारण मामला लटकता गया. जिसका नतीजा है कि आजतक गुमला रेलवे लाइन से नहीं जुड़ सका.

आज भी जनता पूछती है कि गुमला को कब रेलवे लाइन से जोड़ा जायेगा. लेकिन जनता के इस सवाल का जवाब किसी नेता व प्रशासनिक अधिकारी के पास नहीं है. एक बात जरूर है लोकसभा का चुनाव हो या विधानसभा का चुनाव, इन दोनों चुनावों में गुमला को रेलवे लाइन से जोड़ने का मुद्दा जरूर बनता है, लेकिन चुनाव खत्म होते ही मुद्दे गौण हो जाते हैं.

इसलिए आज भी गुमलावासी छुक-छुक की आवाज सुनने को तरस रहे हैं. ऐसे अभी गुमला के लोगों को ट्रेन से सफर करने के लिए पहले रांची व हटिया जाना पड़ता है. इसके बाद वे वहां से अपने गंतव्य स्थान जाने के लिए ट्रेन पकड़ते हैं.

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By Prabhat Khabar Digital Desk

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