तसवीर-25 जब्त मवेशी की
प्रतिनिधि, पोड़ैयाहाटपोड़ैयाहाट थाना क्षेत्र के हंसडीहा-भागलपुर मुख्य मार्ग में शनिवार को एसपी के निर्देश पर एसपीसीए के अवर निरीक्षक रामप्रकाश सिंह ने जांच के दौरान मवेशी लदा पिकअप वैन को पकड़ा है. वाहन पर छह भैंस लदे थे. पोड़ैयाहाट थाने में रखा गया है. अवर निरीक्षक श्री सिंह ने बताया कि वाहन दुमका से दाड़े मोड़ होते हुए बिहार जा रहा था. इसके पास कोई कागजात नहीं था. न ही मवेशी के पानी या प्राथमिक उपचार का कोई सामान ही उपलब्ध नहीं था. इस दौरान निरीक्षक उमेश सिंह भी मौजूद थे.
दांड़ै-कंवराडोल मार्ग से होती है पशुओं की तस्करी
ग्रामीण सूत्रों के अनुसार क्षेत्र में मवेशी के तस्करी कोई नयी बात नहीं है. विगत 10 वर्षों से यहां पर मवेशी तस्करी हो रही है. लगभग 10 बार से अधिक छापेमारी हो चुकी है. दर्जनों मवेशी पकड़े गये. मगर कार्य में आज तक रोक नहीं लग पायी है. सूत्रों की माने तो मवेशी तस्करी के मामले में लाइन होटल संचालकों की भूमिका भी रहती है. होटल संचालक पासर गिरोह का काम करते हैं. मिलीभगत से पशु तस्करी का कार्य होता है. होटल संचालक चिप्स आदि पार कराये जाने में पासिंग गिरोह की भूमिका निभाते हैं. ज्ञात हो की 16 जनवरी साल 2021 में पोड़ैयाहाट -गोड्डा मुख्य मार्ग प्रखंड क्षेत्र के भटोंधा अर्द्धनिर्मित मकान से तकरीबन पिकअप पुलिस ने छापेमारी कर मवैशी का चमड़ा बरामद किया था. बुद्धिजीवियों की माने तो हंसडीहा भागलपुर मुख्य मार्ग पर 2010 से मवेशियों को पश्चिम बंगाल भेजा जाता था. पुलिसिया कार्रवाई भी हुई है . लगभग 300 से ज्यादा मवेशियों को उसी क्षेत्र से जप्त भी पुलिस के द्वारा आज तक किया जा चुका है. इससे सहज अंदाजा लगाया जा सकता है की पशु तस्करी का अवैध खेल कितने दिनों से चल रहा है.
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