कस्तूरबा प्रकरण पर गरमायी राजनीति
झामुमो ने कहा, छोटे कर्मियों की गिरफ्तारी से नहीं धुलेगा दाग : राजेश
गोड्डा : पथरगामा कस्तूरबा मामले को लेकर राजनीतिक दलों ने सोमवार को मुखर होकर अपनी आवाज बुलंद की है. मामले को गंभीरता से लेते हुए पोड़ैयाहाट विधायक सह जेवीएम महासचिव प्रदीप यादव ने प्रेसवार्ता अपने आवास पर की. कहा कि पथरगामा कस्तूरबा मामले की जांच निष्पक्ष ढंग से होनी चाहिये. यह घटना अत्यंत दुखद व शर्मसार करने वाली है. ऐसी घटनाएं सभ्य समाज को कलंकित करने वाली है.
इसकी जांच विशेष एजेंसी से कराये जाने की मांग श्री यादव ने मुख्यमंत्री से की है. बताया कि मामले की जांच बेहतर ढंग से होनी चाहिये ताकी भविष्य मे ऐसी घटनाओं की पुनरावृति न हो सके. बताया कि अखबारों में यह बात सामने आयी है कि रात में भी पुरूष लोगों का आना जाना लगा रहता है. यह ठीक नहीं है.
इसकी जांच होनी चाहिये तथा जो भी दोषी हैं कार्रवायी होनी चाहिये. बताया कि इस मामले में जो भी कनीय अथवा बड़े पदाधिकारी हैं उनपर कार्रवायी होनी चाहिये. साथ ही कहा कि यह जांच अकेले महिला पुलिस के बूते से बाहर है. जांच के लिए आरक्षी अधीक्षक रैंक के पदाधिकारी व उपायुक्त के समकक्ष पदाधिकारी को जांच मे लगाये जाने की जरूरत है. ताकि कई निर्दोष को भी फसाने से बचाया जा सके. इन्होंने कस्तूरबा विद्यालय के प्रबंधन को चुस्त दुरूस्त किये जाने की मांग भी की है.
बताया कि पीड़िता परिजनों को मुआवजे के तौर पर तकरीबन पां लाख की राशि दी जाय. वे इस मामले को लेकर खुद मुख्यमंत्री से मिलेंगे तथा मामले को प्रमुखता से रखेगें.
इस दौरान जिलाध्यक्ष धनंजय यादव, महिला मोरचा नेत्री वेणु चौबे, अमरेंद्र अमर, रमाकांत, सुशील मोदी, विकास सिंह, नीरज सिंह, आदि मुख्य रूप से थे.
संलिप्त पदाधिकारियों पर हो कार्रवाई : झामुमो
झामुमो कार्यालय में भी प्रेसवार्ता करते हुए झामुमो जिला अध्यक्ष राजेश मंडल ने कहा कि कस्तुरबा मामले में संलिप्त पदाधिकारियों को चिह्नित कर कार्रवाई किये जाने की मांग की गयी. प्रेसवार्ता करते हुए झामुमो जिलाध्यक्ष राजेश मंडल ने कहा कि केवल वार्डेन व शिक्षिकों को ही गिरफ्तार क्यों किया गया.
दोषी व चिह्नित पदाधिकारी पर भी कार्रवाई होनी चाहिए तथा एफआइआर कर जेल भेजना चाहिये. बताया : एक ओर रघुवर सरकार निष्पक्ष व स्वच्छ प्रशासन देने की बात करती है. दूसरी ओर दोषी पदाधिकारियों को बचाये जाने का काम किया जाता है. सबों के लिये देश में कानून समान है.
कहा : 24 घंटे के अंदर दोषी पदाधिकारी को गिरफ्तार नहीं किया जाता है तो झामुमो इस मांग को लेकर उपायुक्त के समक्ष धरना प्रदर्शन को बाध्य होगी. इस दौरान झामुमो के वासुदेव सोरेन, ईश्वर हेंब्रम, श्यामल रामदास, मुकेश, सहित अन्य मौजूद थे.
