वाम ने केंद्रीय मंत्री का फूंका पुतला
घटना का किया विरोध
सीपीआइ नेता दीपनारायण यादव द्वारा इस घटना की तीखी भर्त्सना करते हुए देवघर पुलिस की कार्यशैली की जांच की मांग की गयी है. वहीं सीपीएम के जिला मंत्री दशरथ मंडल ने घटना की निंदा करते हुए कहा कि वाम दलों को एकजुट होकर ऐसे पार्टियों के खिलाफ मुहिम चलाने की जरूरत है. वहीं माले के जिला मंत्री मनोज कुमार कुशवाहा ने जेएनयू पूर्व अध्यक्ष पर हुए हमले का पुरजोर विरोध करते हुए लोकतंत्र के लिए खतरा होना बताया है. कहा कि लोकतंत्र की आजादी छीनने का काम कोई नहीं कर सकता है. घटना की उच्चस्तरीय जांच की मांग श्री कुशवाहा ने की है.
देवघर में जेएनयू के पूर्व अध्यक्ष व आइसा के छात्रों के साथ हुई मारपीट की घटना के विरोध में गोड्डा में उबाल देखा गया. वामदलों के नेताओं ने प्रतिकार मार्च निकालकर बोलने की आजादी छीननेवालों को लोकतंत्र की हत्या करने का आरोप लगाया.
गोड्डा : शुक्रवार को देवघर में जेएनयू के पूर्व अध्यक्ष आशुतोष व आइसा के छात्र नेताओं के साथ हुई मारपीट के विरोध में शनिवार को वाम मोरचा के सदस्यों ने केेंद्रीय मानव संसाधन विकास मंत्री स्मृति ईरानी का पुतला फूंक विरोध प्रदर्शन किया है. घटना के विरोध में गोड्डा शहर में प्रतिकार मार्च निकाला गया. प्रतिकार मार्च में वाम दलों के विभिन्न संगठन के नेताओं ने बढ़-चढ़ की हिस्सा लिया. मुलर्स टैंक से निकली प्रतिकार मार्च बाबूपाड़ा, गुदरी बाजार, बस स्टैंड, डीआरडीए चौक,
कचहरी चौक होकर कारगिल चौक पहुंचा. यहां वाम दलों के नेताओं द्वारा अभाविप के विरोध में जमकर नारेबाजी किया गया. वामदलों में सीपीआइ, सीपीएम व सीपीआइएमएल के संयुक्त तत्वावधान में प्रतिवाद मार्च के उपरांत कारगिल चौक पर वाम नेताओं द्वारा केंद्रीय मानव संसाधन मंत्री स्मृति इरानी का पुतला दहन किया गया. मार्च का नेतृत्व धर्म निरपेक्ष लोकतांत्रिक मंच के सचिव अजीज अहमद द्वारा किया गया.
उन्होंने घटना का पुरजोर विरोध करते हुए लोकतंत्र में सभी को बोलने का अधिकार छीनने का मामला बताया. जेएनयू पूर्व छात्र संघ के अध्यक्ष पर देवघर में हमला किये जाने की निंदा श्री अहमद द्वारा किया गया.
वहीं वरीय माले नेता अरुण सहाय ने संबोधन में कहा कि लोकतंत्र में अपनी बाताें को रखने की आजादी सभी है. देवघर में जेएनयू के पुत्र छात्र संघ के अध्यक्ष पर हुए हमला एक सोची समझी राजनीति है.
मौके पर एसपी तिवारी, रजनीकांत, उमेश मिश्रा, अमरनाथ राय, सुधाकर पांडेय, महेंद्र राम, रामदास साह, चतुरी मांझी, राजकिशोर यादव, सिकंदर यादव, संतोष पासवान, शालीग्राम गिरी आदि दर्जनों सदस्य शामिल थे.
