पटवन के अभाव में सूख रही रबी फसल
जनप्रतिनिधियों की उदासीनता गले नहीं उतर रही
गोड्डा/ठाकुरगंगटी : पटवन के अभाव में रब्बी की फसल पर हर साल विपरीत प्रभाव पड़ रहा है. यह हाल जिले में सिंचाई परियोजनाओं के बदइंतजामी को लेकर है. प्राकृतिक रूप से बने नदियों से सटे रजदांड व गार्डवाल आदि की मरम्मत नहीं होने से सिंचाई परियोजनाएं मुख्य रूप से प्रभावित हुई है. यदि इन सिंचाई परियोजनाओं को दुरुस्त कर दिया जाता तो किसानों को पटवन के लिये सोचना नहीं पड़ता. सिंचायी के अभाव में प्रभावित क्षेत्रों की हजारों एकड़ की जमीन पर खेती का कार्य सही ढंग से नहीं हो पाता है. किसान इन क्षेत्रों में एक फसली खेती ही कर पाते हैं.
धान की उपज के बाद किसान यूं ही खेतों को परती छोड़ देते हैं. इसके बाद कोई फसल नहीं लगायी जाती है. ऐसा नहीं है कि इन योजनाओं के जीर्णोद्धार के लिये सरकार के पास या फिर जिला प्रशासन के पास पर्याप्त फंड नहीं है. कई बार इन परियोजनाओं के लिये काम भी किया गया है, लेकिन योजनाएं ठेकेदारी व बिचौलिया संस्कृति की भेंट चढ़ जाती है.
