मुसाबनी. माटीगोडा पंचायत के कुलामारा के पोंडाकोचा उप्रावि के बगल में पत्थर खनन से बना गहरा गड्ढा दुर्घटना को आमंत्रण दे रहा है. ग्रामीण इसे लेकर चिंतित हैं. ग्रामीणों ने पिछले दिनों पत्थर खनन कार्य को बंद करा दिया, पर लीजधारक द्वारा पत्थर खनन के कारण बने गहरे गड्ढे की घेराबंदी नहीं की गयी है. इस कारण विद्यालय के बच्चों के गड्ढे में गिरने की आशंका बनी हुई है. विद्यालय से उक्त गड्ढे की दूरी महज 30 मीटर है, वहीं गड्ढे की घेराबंदी नहीं होने से मवेशी के गिरने की आशंका है. ग्रामीणों ने प्रमुख रामदेव हेंब्रम से पत्थर खनन बंद कराने तथा सुरक्षा के लिए गड्ढे की घेराबंदी करने की मांग की. प्रमुख ने विद्यालय का निरीक्षण कर शिक्षकों एवं विद्यार्थियों से मिलकर जानकारी ली. विद्यालय में 29 बच्चे नामांकित हैं.
एक साल से चापाकल खराब :
विद्यालय का चापाकल एक साल से खराब है. बच्चों को पानी के लिए सबर टोला में बनी जलमीनार पर निर्भर रहना पड़ता है. रसोइया दुलुम सिंह सबर टोला के सोलर जलमीनार से पानी ढोकर लाकर बच्चों के लिए मिड डे मिल बनाती है. विद्यालय का शौचालय भी बंद है. पत्थर खनन के कारण निकली मिट्टी एवं पत्थर शौचालय के बगल में डालने के कारण शौचालय बंद है. विद्यालय में पारा शिक्षक निमाई सिंह एवं रामेश्वर राम पदस्थापित हैं. उन्होंने कहा कि मरम्मत नहीं होने के कारण विद्यालय भवन जर्जर हो गया है.
कुलामारा की जलमीनार से पानी की बर्बादी
माटीगोडा पंचायत के कुलामारा गांव के कादोधोरा टोला में दिलीप सिंह के घर के सामने 15वें वित्त आयोग से निर्मित सोलर जलमीनार में पानी के बर्बादी लगातार हो रही है. जलमीनार की स्विच पिछले एक साल से खराब है. इस कारण दिन भर जलमीनार से पानी गिरते रहता है. उक्त जलमीनार में सुबह होने के साथ पानी की बर्बादी शुरू हो जाती है.
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