खरसावां (शचिंद्र कुमार दास) : सरायकेला खरसावां मुख्य मार्ग पर स्थित अभिजीत ग्रुप के 2013 से बंद पडे स्टील प्लांट को चालू करने की दिशा में पहल शुरु कर दिया गया है. गुरुवार को कंपनी के डीआरआई व पावर प्लांट का टेस्ट रन किया गया. कंपनी के सीइओ रविंद्र कुमार सिंह ने कंपनी परिसर में पत्रकारों से बातचीत में कहा कि सरकार का सहयोग रहा तो जनवरी के अंतिम सप्ताह तक प्लांट में उत्पादन शुरू हो जायेगा. उन्होंने कहा कि सरकार के पास पीपीएव जमीन का कुछ मामला पेंडिंग पड़ा हुआ है. प्लांट के लिये अभी तक पानी की व्यवस्था नहीं हुई.
अभिजीत ग्रुप के पावर व स्टील प्लांट को चालू करने की पहल, 5000 लोगों को रोजगार मिलने की संभावना
खरसावां (शचिंद्र कुमार दास) : सरायकेला खरसावां मुख्य मार्ग पर स्थित अभिजीत ग्रुप के 2013 से बंद पडे स्टील प्लांट को चालू करने की दिशा में पहल शुरु कर दिया गया है. गुरुवार को कंपनी के डीआरआई व पावर प्लांट का टेस्ट रन किया गया. कंपनी के सीइओ रविंद्र कुमार सिंह ने कंपनी परिसर में […]

श्री सिंह ने कहा कि प्लांट व नदी के बीच की दस एकड सरकारी जमीन अब तक कंपनी को नहीं मिला है, जबकि वर्ष 2012 में ही इसके लिए कंपनी ने सरकार के पास पैसा जमा कर दिया है. प्लांट तक पानी पहुंचाने के लिये यह जमीन कंपनी को मिलना आवश्यक है. उन्होंने कहा कि सरकार का सहयोग मिला तो प्लांट का पहला फेज जनवरी के अंत तक चालू हो जायेगा. उन्होंने सरकार से सहयोग की उम्मीद जताया है. मालूम हो कि बुरुडीह स्थित इस प्लांट में अब तक कंपनी 22 सौ करोड़ से अधिक राशि कानिवेश कर चुकी है. पहले फेज का प्लांट बन कर तैयार हो गया है, जिसमें 0.4 एमटीपीए स्टील व 60 मेगावाट पावर का का उत्पादन होना है.
प्रतिदिन एक हजार टन स्टील व प्रतिघंटा 60 मेगावाट बिजली का उत्पादन होगा. सरकार के साथ एग्रीमेंट के अनुसार 60 मेगावाट बिजली में से 29.4 मेगावाट बिजली सरकार खरीदेगी. प्लांट लगाने के लिये 14 अगस्त 2008 को एमओयु हुआ था,जबकि 2010 से प्लांट का निर्माण शुरु हुआ था. जनवरी 2013 में इसका टेस्टरन भी किया गया था. 2013 से वित्तीय संकट के कारण प्लांट बंद पडा हुआ है.द्वितीय फेज में यहां 2.5 एमटीपीए इंट्रीगेटेड स्टील प्लांट के साथ साथ व180 मेगावाट पावर प्लांट भी प्रस्तावित है. यह प्लांट करीब पांच सौ एकड जमीन में फैला हुआ है. प्लांट बंद होने के बाद से बडी संख्या में रैयत व स्थानीय लोग रोजगार से बंचित हो गये है