नेताजी शिशु उद्यान की चहारदीवारी से सटा है सीएचसी का कुपोषण उपचार केंद्र
झाड़ियों और जंगली लताओं से घिरा है कुपोषण उपचार केंद्र
कुपोषण उपचार केंद्र के पास लोग फेंकते हैं थर्मोकोल के प्लेट और जूठन
बहरागोड़ा : बहरागोड़ा के सीएचसी में स्थित कुपोषण उपचार केंद्र कुपोषण केंद्र बन गया है. स्वास्थ्य विभाग की लापरवाही से झाड़ियों और जंगली लताओं के घिरे से इस केंद्र में 12 कुपोषित मासूम और उनकी माताओं को घुटन महसूस होती है. नेताजी शिशु उद्यान से सटे इस केंद्र के आसपास थर्मोकोल के जूठन प्लेट और जूठन फेंके जाते हैं. केंद्र के उत्तरी भाग के आसपास सैकड़ों जूठन प्लेट फेंके गये हैं. जूठन के सड़े अन्न, सब्जी, मांस, मछली की बदबू से केंद्र के मासूम और माताएं परेशान हैं. केंद्र की खिड़कियों में जाली नहीं है. परदा भी नहीं लगा है.
इस केंद्र के आसपास स्वच्छता अभियान की हवा निकल गयी है. नेताजी शिशु उद्यान में अक्सर बैठके होती है. विभिन्न प्रकार के कार्यक्रम होते हैं. इस दौरान लोगों के लिए भोजन भी यहीं बनाया जाता है. मांस, मछली, अंडे भी बनाये जाते हैं. लोग खुद तो अंडा, मांस, मछली और भोजन का मजा लेते हैं. मगर उद्यान की चहारदीवारी के बाहर कुपोषण उपचार केंद्र के पास जूठन पत्तल और जूठन फेंक कर मासूमों को बदबू की सजा देते हैं.
केंद्र के उत्तर भाग में बदबू से वातावरण प्रदूषित हो रहा है. केंद्र में रहने वाले 12 कुपोषित मासूम और उनकी माताओं को रहना मुश्किल हो गया है. केंद्र के आसपास झाड़ियों के कारण मच्छरों का प्रकोप बढ़ा है. स्वास्थ्य विभाग तमाशबीन बना है.
