घाटशिला : घाटशिला प्रखंड के रेड जोन के नाम से चर्चित झाटीझरना सड़क छह साल बाद भी नहीं बन पायी है. उक्त सड़क प्रधानमंत्री ग्राम्य सड़क योजना के तहत बन रही थी, लेकिन छह साल बाद भी सड़क नहीं बन पायी है. इसके विरोध में ग्रामीण अंदर ही अंदर आंदोलन की तैयारी कर रहे हैं.
संभावना है कि केंद्रीय पथ परिवहन मंत्री नितिन गडगरी के घाटशिला आगमन के दौरान ही ग्रामीण सड़क पर उतर कर एनएच 33 जाम करने की तैयारी में जुटे हैं. झाटीझरना और कालचिती के ग्रामीणों ने बताया कि बुरूडीह से बासाडेरा,डाइनमारी से झाटीझरना और झाटीझरना सिंदरीआम तक तीन फेज में संवेदक ने करोड़ों की लागत से सड़क बनाने का काम शुरू किया था. वर्ष 2008-09 में सड़क ग्रेड वन और कालीकरण का काम शुरू हुआ. सड़क का काम पूरा करने के लिए ग्रामीणों ने सांसद, विधायक से लेकर उपायुक्त तक दरवाजा खटखटाया, लेकिन छह वर्ष बाद भी सड़क की स्थिति जस की तस है.
ग्रामीणों ने नाम नहीं छापने की शर्त पर बताया कि आंदोलन की रूप रेखा तय कर ली गयी है. श्री गडकरी जिस दिन गालूडीह में उनका आमगन होगा, उसी दिन झाटीझरना और कालचिती के ग्रामीण सड़क पर उतरेंगे और सड़क पूरा करने की मांग को लेकर एनएच 33 को जाम करेंगे.
