जुर्माने में मांगा एक लाख 10 हजार रुपये
जुर्माने के रुपये नहीं मिलने पर ग्रामीणों ने युवक को उनके परिजनों को सौंपा
गोपीकांदर : गोपीकांदर के मधुबन गांव में पहाड़िया समाज की लड़की से प्रेम-प्रसंग मामले में एक लड़के को ग्रामीणों ने दो दिनों तक बंधक बनाकर गांव में ही रखा. युवक अमड़ापाड़ा का रहने वाला बताया जा रहा है. लगातार दो दिन से उसके घर वापस नहीं आने पर परिवारवालों ने उसकी खोजबीन शुरू कर दी थी. तब उनके घर वालों को पता चला कि उसके लड़के को मधुबन में ग्रामीणों ने बंधक बना के रखा है. परिवारवाले को इस बात की जानकारी मिलते ही शुक्रवार को उस परिवार के दर्जनों महिला पुरुष लड़के को छुड़ाने मधुवन गांव पहुंचे. लेकिन ग्रामीणों ने सभी लोगों को बंधक बना लिया और जुर्माना के तौर पर एक लाख दस हजार रुपये की मांग की. ग्रामीणों द्वारा अधिक रकम की मांग किये जाने पर बात नहीं बनते देख रकम को घटाकर तीस हजार रुपये तय कर दी.
इसके अलावा शर्त रखा गया कि पैसा मिलने के बाद ही बंधक बनाये गये लड़के और उसके परिवार को छोड़ा जायेगा. इसी में से कुछ समझदार ग्रामीणों ने उसके परिवार के लोगों को निर्दोष मानते हुए उन सभी को छोड़ दिया और लड़के को बंधक बनाकर रखे रहा. रात होने तक भी लड़के के परिवारवाले पैसे का जुगाड़ नहीं कर पाये धीरे-धीरे इक्कठे हुए ग्रामीणों की भीड़ टूटने लगी. अंत में ग्रामीणों ने लड़का और लड़की दोनों को लड़की के परिवारवालों को सौंप दिया. बताया जा रहा है कि दोनों एक दूसरे से शादी करने को राजी हैं. मामले को लेकर दोनों के परिवार भी सहमत हैं. लड़के के पिता ने बताया कि शनिवार शाम को लड़का और लड़की सही सलामत अपने घर अमड़ापाड़ा पहुंच गये हैं. अब किसी तरह की परेशानी नहीं है.
हैल्थ कैंप में मरीजों की हुई नि:शुल्क जांच : दुमका. काठीकुंड प्रखंड के बड़ाचापुड़िया में सिविल सर्जन डाॅ विनोद कुमार साहा की अध्यक्षता में हैल्थ कैंप जांच शिविर लगाया गया. जिसमें कुल 89 मरीजों की जांच कर आवश्यक दवाएं व सलाह दी गयी. श्री साहा ने बताया कि हैल्थ कैंप में 21 मरीजों में से आठ के बीच नि:शुल्क चश्मा का वितरण किया गया और छह मरीजों में मोतियाबिंद की बीमारी मिली. जिसे ऑपरेशन के लिए दुमका अस्पताल लाया जायेगा. शिविर के दौरान 4 टीबी के मरीज, फाइलेरिया के 1, बहरापन से ग्रसित तीन मरीज मिले. डाॅ साहा ने इन सभी मरीजों के उचित उपचार व बीमारी से बचाव के बारे में विस्तृत जानकारी दी.
