वर्षों से उपेक्षित हैं मेलर समाज के लोग
दुमका : आदिम जनजाति संघर्ष मोरचा के 12वां स्थापना दिवस दुमका गांधी मैदान में केंद्रीय अध्यक्ष दामोदर सिंह मेलर की अध्यक्षता में मनायी गयी. अवसर पर मुख्य रूप से छोटानागपुर प्रमंडल से मेलर संगठन के प्रतिनिधियों ने भाग लिया. दामोदर सिंह ने कहा कि मेलर जनजाति अपना हक व अधिकार की लड़ाई वर्षों से लड़ रही है. 1952 तक भुईया, घटवार, खैतोरी आदिम जनजाति की श्रेणी में थे. कहा कि सरकार के साजिश के तहत आदिम जनजाति की श्रेणी से हटा दिया गया है. कहा कि वर्षों से अपनी मांगों को लेकर समाज आंदोलन करती आ रही है. पर सरकार द्वारा इस दिशा में कोई सकारात्मक पहल नहीं की गयी है.
वक्ताओं ने कहा कि अपनी मांगों को लेकर छोटानागपुर प्रमंडल में संगठन का पुनर्गठन के बाद हावड़ा-दिल्ली रेल मार्ग रोको आंदोलन करेगी. वीरेंद्र सिंह मेलर ने कहा कि सरकार जांच के नाम पर कागजी प्रक्रिया में उलझा कर रखी है. कहा कि मेलर समाज के साथ उनके मौलिक अधिकार का हनन किया जा रहा है. कार्यक्रम को भोलानाथ गृही मेलर, विजयकांत सिंह मेलर, प्रहलाद राय मेलर, जगबंधु राय मेलर, मनोज सिंह मेलर, किशुन सिंह मेलर, विश्वनाथ इश्वर मेलर, शिवनारायण राय, दुर्योधन सिंह मेलर, महात्मा मेलर आदि ने भी संबोधित किया.
