दुमका : जनसमस्याओं के निदान तथा जिले में व्याप्त भ्रष्टाचार पर अंकुश लगाने की मांग को लेकर बुधवार को जनता दल यूनाइटेड के कार्यकर्ताओं ने उपायुक्त कार्यालय के समक्ष धरना दिया. कार्यकर्ताओं ने बढ़ती महंगाई एवं झारखंड में पेट्रोलियम पदार्थों के दामों में हो रही वृद्धि पर क्षोभ जताया.
साथ ही उपायुक्त को मुख्यमंत्री के नाम ग्यारह सूत्री मांगपत्र भी सौंपा. जिसमें पेट्रोल व डीजल में लगाये गये राज्यस्तरीय वैट को वापस लेने, बुटबेड़िया मोड़ से बंगाल सीमा तक निर्माणाधीन पथ की उच्चस्तरीय जांच कराने, छात्र छात्राओं को छात्रवृत्ति लेने के लिए आय प्रमाण पत्र की अनिवार्यता समाप्त करने, कल्याण विभाग के अधीन संचालित स्कूलों की जांच कराने, बिहार के तर्ज पर होमगार्डों को वेतनमान व सुविधा उपलब्ध कराने, दानपत्र जमीन पर रह रहे लोगों को जाति, निवास व अन्य प्रमाण पत्र देने, लाभुकों को अविलंब वृद्धापेंशन, सामाजिक सुरक्षा पेंशन का लाभ देने, जिले के पत्थर उद्योग को चालू कराने, स्थायी कार्यपालक अभियंता की नियुक्ति कर पांच वर्षों से कार्यरत कनीय एवं सहायक अभियंताओं का स्थानांतरण करने, प्रसव लाभुकों, सहियाओं से प्रोत्साहन चेक वितरण में अवैध वसूली पर अंकुश लगाने आदि मांगें शामिल हैं.
धरना में जिलाध्यक्ष रंजीत जासवाल, पूर्व प्रदेश महासचिव हेमंत स्वर्णकार, हैदर अली, प्रमोद कुमार राउत, राकेश कुमार राउत, श्रीकांत तिपाठी, सत्यप्रकाश आनंद, चंद्रशेखर यादव, तिलोचरण, रविंद्र प्रसाद सिंह, भुपाल साह, राजेंद्र दास आदि शामिल थे.
