Deoghar news : के-वाइसी नहीं होने से बुजुर्ग राशन कार्डधारी परेशान, फिंगर प्रिंट व आधार को अपडेट कराना बनी मुसीबत

राशन कार्डधारियों के लिए ई-केवाइसी की 30 अप्रैल की समय सीमा खत्म हो रही है. इसके बाद भी हजारों कार्डधारियों का के-वाइसी अब तक अधूरा है. मशीन की गडबड़ी से अब उन्हें राशन नहीं मिलने की चिंता हो रही है.

संवाददाता, देवघर . राज्य सरकार ने राशन कार्डधारियों के लिए राशन कार्ड में जुड़े सभी सदस्यों का ई-केवाइसी (केवाईसी) कराना अनिवार्य कर दिया है. पहले इसकी समय सीमा 31 मार्च तय की गयी थी, लेकिन तकनीकी समस्याओं और डीलरों की मशीन न चलने जैसी दिक्कतों के कारण इसे बढ़ाकर 30 अप्रैल कर दिया गया. बावजूद इसके हजारों कार्डधारियों का केवाईसी अब तक अधूरा है, खासकर बुजुर्गों के लिए यह प्रक्रिया बड़ी मुसीबत बन गयी है. जिन बुजुर्गों की उम्र अधिक हो चुकी है, उनके फिंगर प्रिंट की रेखाएं धुंधली हो गयी हैं, जिससे मशीन बार-बार फेल हो रही है.

सरकार ने डीलरों को माई के-वाईसी एप के माध्यम से के-वाइसी कराने का विकल्प दिया, लेकिन इससे भी राहत नहीं मिल रही है. सैंकड़ों बुजुर्गों का आधार कार्ड वर्षों पुराना है, जिसमें या तो कोई मोबाइल नंबर लिंक नहीं है, या नंबर बदले जा चुके हैं. ऐसी स्थिति में एप के माध्यम से भी उनकी पहचान सत्यापित नहीं हो पा रही है. स्थानीय राशन डीलरों के पास भी इस परेशानी का कोई निश्चित समाधान नहीं है.अब इन बुजुर्ग लाभुकों को आशंका सताने लगी है कि अगर उनका के-वाईसी पूरा नहीं हुआ तो सरकार से मिलने वाली निःशुल्क राशन योजना से वंचित कर दिये जायेंगे या उनका नाम राशन कार्ड से ही हटा दिया जायेगा. वहीं इस संबंध में विभाग आये एक बुजुर्ग ने बताया कि स्थानीय प्रशासन और खाद्य आपूर्ति विभाग से मांग की जा रही है कि बुजुर्गों के लिए वैकल्पिक व्यवस्था जैसे ओटीपी के स्थान पर दस्तावेज सत्यापन या मैनुअल वेरिफिकेशन की अनुमति दी जाये. अन्यथा, हजारों जरूरतमंद लाभुक योजनाओं से वंचित हो सकते हैं.कहते हैं अधिकारी

देवघर जिले में अबतक करीब 78 फीसदी के-वाइसी का काम पूरा हो चुका है. अबतक अधिकतर बुजुर्ग लोग ही बचे हैं, जिसमें की समस्या आ रही है. 30 अप्रैल तक अंतिम तिथि तय की गयी था. सभी जिले से सरकार को समस्या के बारे में अवगत कराया जा रहा है. आगे जैसे ही कोई निर्देश प्राप्त होता है तो आगे की कार्रवाई होगी.

नरेश रजक, डीएसओ ,देवघर

हाइलाइट्स

॰फिंगरप्रिंट न मिल पाने से हजारों बुजुर्गों का ई-केवाईसी अधूरा॰पुराने आधार कार्ड में मोबाइल नंबर लिंक न होने से माई के-वाईसी एप भी फेल॰डीलरों की मशीनों की गति धीमी, तकनीकी सहयोग में भारी कमी॰बुजुर्ग लाभुक राशन नहीं मिलने के डर से चिंतित

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By Sanjeev Mishra

Sanjeev Mishra is a contributor at Prabhat Khabar.

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