महाशिवरात्रि की तैयारी. मंदिर प्रबंधन उपसमिति की बैठक
देवघर : महाशवरात्रि की तैयारी को लेकर मंगलवार को समाहरणालय सभागार में डीसी अरवा राजकमल की अध्यक्षता में मंदिर प्रबंधन उपसमिति की बैठक हुई. इसमें शिवरात्रि में पेयजलापूर्ति की सुविधा बेहतर रखने के लिए नगर निगम सीइओ को विशेष निर्देश दिया गया. पूर्व की अपेक्षा इस बार जलापूर्ति के लिए छह जगहों पर अतिरिक्त टैंकर लगाया जायेगा. इस दौरान सीइओ ने बैठक में जानकारी दी कि 40 बोरिंग में से 26 ही कार्यरत हैं तथा बिजली आपूर्ति नहीं होने के कारण जलापूर्ति में व्यवधान होता है, क्याेंकि जब तक रामपुर टंकी में 14-15 फीट की ऊंचाई तक पानी नहीं आता है, तब तक जलापूर्ति संभव नहीं होता है.
डीसी ने विद्युत कार्यपालक अभियंता को नावाडीह शंप के लिए विद्युत आपूर्ति निरंतर करने का निर्देश दिया व 23 से 25 फरवरी तक निर्बाध बिजली आपूर्ति करने को कहा गया गया. मंदिर के समक्ष सुविधा केन्द्र व प्रशासनिक भवन के बगल में निर्माण कार्य को शीघ्र पूर्ण कराने पर जोर दिया गया. मंदिर परिसर की सतह में उभरे रिक्तियों को सूर्ति चूना आदि से भरवाने का निर्णय लिया गया. शिवरात्रि के दिन शीघ्रदर्शनम् के लिए अधिकतम संख्या 5,000 होगी व तीन पालियों 8 बजे, 12 बजे तथा 4 बजे के लिए समय निर्धारित किया गया. अरघा लगाने पर पंडा समाज द्वारा आपत्ति जतायी गयी व श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए बाबा मंदिर व पार्वती मंदिर के निकट बड़ा जलपात्र रखा जायेगा. शिवरात्रि के दिन 3:05 बजे पूर्वाहन में मंंदिर का पट खोला जायेगा.
