देवघर : देवीपुर प्रखंड के बिरनियां घाट से प्रतिदिन सैकड़ों ट्रैक्टर बालू का अवैध रूप से उठाव हाे रहा है. यह घाट रोहिणी-देवीपुर भाया बिरनियां सड़क पर स्थित अजय नदी पुल से सटा है, लेकिन प्रशासन की नजर इस पर नहीं पड़ रही है. करीब पांच बजे सुबह से ही ट्रैक्टर चालक व मालिक इस घाट पर पहुुंच जाते हैं व पानी से भीगा हुआ बालू का उठाव शुरू कर देते हैं.
बालू उठाव से बिरनियां गांव के लोगों की जमीन में बाढ़ का पानी घुसने का खतरा बढ़ गया है. गांव के ग्रामीणों ने इसका विरोध भी किया था, लेकिन बालू के माफिया के सामने उनकी बात नहीं सुनी गयी. गांव के कई लोगों पर केस दर्ज करा दिया गया था. ग्रामीणों का कहना है कि बालू के उठाव होने से नदी की गहराई उनके खेतों की ओर हो रही है.
बरसात के दिनों में अगर बाढ़ आती है तो नदी का बालू उनके खतों को बंजर बना सकता है. साथ ही अजय नदी पर बने पुल पर भी असर पड़ सकता है. ग्रामीणों का कहना है कि यहां से बालू ट्रक के माध्यम से बिहार तक भेजा जाता है. बालू के उठाव से पर्यावरण पर प्रभाव पड़ रहा है व जल स्तर नीचे जा रहा है.
