देवघर : 24 करोड़ रुपये आइटीसी हेराफेरी के मामले में राज्य कर पदाधिकारी शैलेश कुमार श्रीवास्तव ने बंपास टाउन में संचालित ओम ट्रेडिंग पर नगर थाने में एफआइआर दर्ज करायी है. नगर थाना प्रभारी विनोद कुमार ने बताया कि गलत पहचान-पत्र देकर फर्जी फर्म बनाया गया था.
इसी फर्म के सहारे करोड़ों रुपये का सेल-परचेज दिखाया गया. कंपनी का पता देवघर संत फ्रांसिस स्कूल रोड में जबकि कारोबार स्थल बंपास टाउन में दिखाया गया था. कंपनी का पेन-कार्ड सहित टीन नंबर, जीएसटी नंबर भी लिया गया. धनबाद के भूतनाथ इंटरप्राइजेज से अगस्त 2017 में 533280246 रुपये का क्रय दिखाया गया. देवघर के सहाय इंटरप्राइजेज से भी अगस्त 2017 में क्रय दर्शाया गया.
धनबाद के ही डिगनेस इंटरप्राइजेज से अगस्त-सितंबर 2017 में 53 करोड़ 37 लाख रुपये व 107 करोड़ 93 लाख रुपये का विक्रय दिखा दिया गया. ओम ट्रेडिंग पर विभाग का 24 करोड़ आइटीसी का दावा है. इस संबंध में राज्य कर मुख्यालय से स्स्थानीय ऑफिस को कंपनी के विरुद्ध जांच का निर्देश प्राप्त हुआ. स्स्थानीय राज्य कर पदाधिकारियों ने जांच-पड़ताल की. बंपास टाउन व संत फ्रांसिस स्कूल रोड में ऐसी किसी ओम ट्रेडिंग के होने की जानकारी नहीं मिली.
इसके बाद विशेष शाखा से भी इसकी जांच करायी गयी. विशेष शाखा के अधिकारियों ने जांच में पाया कि कोलकाता के किसी व्यक्ति ने इस नाम के फर्म का गठन किया, जिसका पता देवघर का है. फर्म रजिस्ट्रेशन में दिया गया मोबाइल नंबर भी सही नहीं पाया गया. इसके बाद राज्य कर पदाधिकारी ने सभी दस्तावेज संलग्न कर ओम ट्रेडिंग नाम की फर्जी फर्म बनाकर राजस्व क्षति पहुंचाने व धोखाधड़ी का मामला दर्ज करने हेतु शिकायत नगर थाने में दी. समाचार लिखे जाने तक नगर पुलिस मामले की पड़ताल में जुटी है.
