चतरा. उपायुक्त रवि आनंद ने सदर अस्पताल के पोस्टमार्टम कर्मी सुखदेव राम को हटा दिया है. साथ ही सिविल सर्जन डॉ सत्येंद्र कुमार सिन्हा को वैकल्पिक व्यवस्था करने का निर्देश दिया है. मालूम हो कि रविवार को भोज्या गांव में तालाब में डूबने से मां समेत दो बेटियों की मौत हो गयी. पुलिस ने तीनों शवों को पोस्टमार्टम के लिए सदर अस्पताल चतरा लाया, जहां पोस्टमार्टम के नाम पर पांच हजार रुपये लिये गये थे. मामला सामने आने के बाद उपायुक्त ने एसडीओ जहुर आलम के नेतृत्व में चार सदस्यीय जांच कमेटी का गठन किया था. टीम ने 24 घंटे के अंदर जांच रिपोर्ट उपायुक्त को सौंपी. इसके बाद उपायुक्त ने पोस्टमार्टम कर्मी को हटा दिया. महिला ने किया पोस्टमार्टम : सदर अस्पताल में मंगलवार को दो शवों को पोस्टमार्टम के लिए लाया गया, जहां नयी महिला पोस्टमार्टम कर्मी ममता ने दोनों शवों का पोस्टमार्टम किया. सिविल सर्जन डॉ सत्येंद्र कुमार सिन्हा ने कहा कि महिला ममता ने कार्यालय में आकर काम करने की इच्छा जाहिर की. पूछने पर बताया कि पहले ऑपरेशन थिएटर में काम कर चुकी है. सीएस ने महिला से पूछा कि क्या पोस्टमार्टम कर पायेंगी, जिस पर महिला तुरंत तैयार हो गयी. इसके बाद पोस्टमार्टम हाउस जाकर दोनों शवों का पोस्टमार्टम किया. इस दौरान हटाये गये पोस्टमार्टम कर्मी सुखदेव राम वहां पहुंचा और आगे कोई गलती नहीं करने की लिखित आवेदन दिया, जिस पर सीएस ने पुनर्विचार करने की बात कही.
डीसी ने अवैध वसूली करने वाले पोस्टमार्टम कर्मी को हटाया
सिविल सर्जन डॉ सत्येंद्र कुमार सिन्हा को वैकल्पिक व्यवस्था करने का निर्देश दिया है.
