सुबोध मिश्रा
Chaibasa: नोवामुंडी प्रखंड के जोजो कैंप क्षेत्र में मानवता और वन्य जीव संरक्षण की अनोखी मिसाल देखने को मिली. जानकारी के अनुसार हिरण का एक बच्चा अपने झुंड से बिछड़कर पीने के पानी की तलाश में जंगल से भटकते हुए जोजो कैंप क्षेत्र तक पहुंच गया था. इसी दौरान 7-8 आवारा कुत्तों ने उस पर अचानक हमला कर दिया. कुत्तों के झुंड के बीच फंसा हिरण का बच्चा बुरी तरह घायल और सहमा हुआ था, जिससे उसकी जान पर गंभीर खतरा मंडराने लगा. इसी बीच सामाजिक कार्यकर्ता बापी करुवा मौके पर पहुंचे और ग्रामीणों को इस बात की जानकारी दी.
वन विभाग को सौंपा गया हिरण का बच्चा
इसके बाद ग्रामीण एकजुट हुए और साहस और दया का परिचय देते हुए हिरण के बच्चे को कुत्तों के चंगुल से सुरक्षित बाहर निकाला. ग्रामीणों की तत्परता से हिरण के बच्चे की जान बच गई. घटना के बाद गांव के मुंडा मनवीर देव सुरेन ने तुरंत वन विभाग को सूचना दी। सूचना मिलते ही वन विभाग की टीम मौके पर पहुंची और घायल हिरण के बच्चे को अपने साथ लेकर उचित इलाज के लिए ले गई. ग्रामीणों की इस संवेदनशील पहल की पूरे इलाके में जमकर सराहना हो रही है. लोगों ने वन्य जीवों की सुरक्षा को लेकर चिंता जताते हुए जंगल क्षेत्रों में आवारा कुत्तों की बढ़ती समस्या पर नियंत्रण की मांग की है.
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