बोकारो ट्रेजरी से अवैध निकासी की राशि बढ़ती जा रही है. आंकड़ा 10 करोड रुपये तक जा पहुंचा है. मामले की जांच तीन टीमें कर रही हैं. साथ ही साथ मामले में एजी (महालेखाकार) से जांच कराने को लेकर भी पत्र भेजा गया है. मामले में सस्पेंड एसपी कार्यालय के लेखपाल कौशल कुमार पांडेय ने फर्जीवाडे से निकाली गयी राशि का उपयोग कर्ज चुकाने में किया. इसके बाद सोने-चांदी के आभूषण भी खरीदे. इसके बाद लाखों रुपये अपने शौक पर खर्च करने लगा. सूत्रों के अनुसार अभी कौशल के खाते में नौ लाख रुपये और उसकी पत्नी अनु पांडेय के खाते में 58 लाख रुपये हैं.
वर्ष 2016 शुरू हुई थी अवैध निकासी
कौशल ने ट्रेजरी से फर्जी तरीके से राशि निकासी शुरू करने के लिए वर्ष 2016 में सेवानिवृत्त हवलदार उपेंद्र सिंह के डाटा का उपयोग किया. ई-पोर्टल में जन्म तिथि के साथ खाता संख्या को भी एडिट कर दिया. उसकी जगह अपनी पत्नी का खाता संख्या डाला. सबसे पहले वित्तीय वर्ष 2023-24 के नवंबर में तीन बार में 28 लाख 25 हजार 808 रुपये की निकासी की. इसके बाद वित्तीय वर्ष 2024-25 में 31 बार रुपयों की निकासी की. वित्तीय वर्ष 2025-26 में बड़ा खेल कर दिया और 29 बार में दो करोड़ 35 लाख 63 हजार 531 रुपये की निकासी कर ली. इस तरह तीन वित्तीय वर्ष में कौशल ने 63 बार फर्जी तरीके से चार करोड़ 29 लाख 71 हजार रुपये निकाले. मामला सामने आने के बाद विभाग सतर्क है. जांच समिति अब वेतन भुगतान वाले विपत्रों की जांच कर रही है. जांच के बाद दोषी पाये जाने वाले किसी भी व्यक्ति को बख्शा नहीं जायेगा. बोकारो एसपी हरविंदर सिंह ने कहा कि
