सीतामढ़ी. देश के 25 करोड़ ट्रेड यूनियन मजदूरों के मांगों के समर्थन में बुधवार को शहर की सड़कों पर संयुक्त किसान मोर्चा, संयुक्त किसान संघर्ष मोर्चा, जय किसान आंदोलन, सीटू, इंटक तथा एटक, बीएसएसआर, एआइबीइए, निर्माण कामगार यूनियन से जुड़े लोगों ने संयुक्त रूप से प्रदर्शन तथा मार्च किया. वहीं, गांधी चौक एवं वीर कुंवर सिंह चौक पर जाम कर प्रदर्शन किया. ट्रेड यूनियन की देशव्यापी हड़ताल का असर बैंक, एलआइसी एवं डाकघरों पर भी दिखा, जहां कामकाज प्रभावित हुआ. ट्रेड यूनियन व मोर्चा नेताओं ने चार लेबर कोड रद्द करो, काम के आठ घंटे को लागू करो, ठेका की जगह स्थायी नियुक्ति करो, बेरोजगारी तथा मंहगाई पर रोक लगाओ, कारपोरेट के हाथों सार्वजनिक उपक्रम बेंचना बंद करो, एमएसपी सीटू 50% पर कानून बनाओ, किसानों के सभी कर्ज माफ करो तथा कृषि विपणन प्रारुप वापस लो की मांगों पर नारेबाजी की. मतदाता गहन पुनरीक्षण पर रोक लगाने पर भी समर्थन किया गया. सभी प्रदर्शनकारी ट्रेड यूनियन, किसान नेताओं तथा बैंककर्मियों ने अपने बैंकों पर नारेबाजी तथा कार्यवाही बंद कराते हुए बैंक औफ बड़ौदा(राजेंद्र भवन) परिसर पहुंचा, जहां संयुक्त किसान मोर्चा के नेता डॉ आनंद किशोर तथा बैक रिटायरी एसोसियेशन के नेता रामजी पाठक की संयुक्त अध्यक्षता में एक सभा हुई. सभा मे ट्रेड यूनियन लीडर दिनेश चंद्र द्विवेदी ने विस्तार से सभी समस्याओं पर प्रकाश डाला. विरोध प्रदर्शन में आइबीइए के संजीव कुमार, सीटू के सुरेश बैठा, बीएसएसआर के अमित कुमार, किसान मोर्चा के अध्यक्ष जलंधर यदुवंशी, चंद्रदेव मंडल, योगेंद्र यादव, अल्पसंख्यक मोर्चा के मो मुर्तुजा, मोर्चा नेता अवधेश यादव, अश्विनी मिश्र, विजय कुमार सिंह, लालबाबू यादव, चंद्रशेखर, जय किसान आंदोलन के संजय कुमार तथा हृषिकेष, एआइबीइए के राजेश कुमार, आरपी सिंह, ब्रह्मदेव मेहता, अनामिका कुमारी, ललन बैठा, सुरेश वर्मा, रानी झा, नवीन कुमार सहित अन्य शामिल रहे.
डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है
