Rohtas News : कोचस के एक होटल में छापेमारी के तत्काल बाद बिक्रमगंज अनुमंडल प्रशासन ने होटल संचालकों पर शिकंजा कसना शुरू कर दिया है. गुरुवार को अनुमंडल पदाधिकारी दिलीप कुमार की अध्यक्षता में अनुमंडल क्षेत्र के सभी होटल संचालकों की बैठक बुलायी गयी. बैठक में होटल की सुरक्षा, निगरानी और ठहरने वाले लोगों के रिकॉर्ड को लेकर प्रशासन ने सख्त निर्देश जारी किये.
हर मेहमान का रखना होगा पूरा रिकॉर्ड
एसडीएम दिलीप कुमार ने होटल संचालकों को स्पष्ट निर्देश दिया कि होटल में ठहरने वाले प्रत्येक व्यक्ति का पूरा विवरण और अभिलेख व्यवस्थित तरीके से रखना अनिवार्य होगा. होटल में कौन व्यक्ति कब आया, कितने समय तक ठहरा और कब गया, इसकी जानकारी रिकॉर्ड में सुरक्षित रखने पर विशेष जोर दिया गया.
संदिग्ध गतिविधि दिखे तो तुरंत पुलिस को करें सूचित
बैठक में एसडीएम ने कहा कि होटल संचालक किसी भी संदिग्ध गतिविधि को नजरअंदाज नहीं करें. होटल में ठहरने वाले किसी व्यक्ति की गतिविधि संदिग्ध लगे या किसी तरह की आपत्तिजनक जानकारी सामने आये तो इसकी सूचना तत्काल पुलिस या प्रशासन को दी जाए. प्रशासन ने संचालकों से सतर्कता के साथ होटल संचालन करने को कहा.
सुरक्षा व्यवस्था को लेकर भी सख्त निर्देश
होटलों में सुरक्षा व्यवस्था को लेकर संचालकों को विशेष सतर्कता बरतने का निर्देश दिया गया. प्रशासन की ओर से स्पष्ट किया गया कि होटल संचालन से संबंधित जारी सभी निर्देशों का अक्षरशः पालन करना संचालकों की जिम्मेदारी है. नियमों की अनदेखी को गंभीरता से लिया जाएगा.
कोचस की छापेमारी के बाद बढ़ी प्रशासनिक सक्रियता
कोचस के होटल में छापेमारी के तुरंत बाद आयोजित इस बैठक को अनुमंडल प्रशासन की बढ़ी सक्रियता के रूप में देखा जा रहा है. प्रशासन अब होटल और लॉज में आने-जाने वाले लोगों के रिकॉर्ड को निगरानी का अहम हिस्सा बनाने की तैयारी में है. इसके जरिए संदिग्ध गतिविधियों पर समय रहते नजर रखने की कोशिश की जा रही है.
होटल संचालकों में मचा हड़कंप
अचानक बैठक बुलाकर सख्त निर्देश दिये जाने के बाद होटल संचालकों में भी हड़कंप की स्थिति रही. प्रशासन ने साफ कर दिया कि होटल में ठहरने वाले लोगों की जानकारी और सुरक्षा व्यवस्था को लेकर किसी भी स्तर पर लापरवाही नहीं होनी चाहिए. बैठक में संचालकों को नियमों का पालन करते हुए प्रशासन के साथ सहयोग करने का निर्देश दिया गया.
