छपरा. छठ पूजा संपन्न होने के बाद छपरा से होकर गुजरने वाली कई महत्वपूर्ण ट्रेनों में अधिक वेटिंग होने से दूरदराज से घर आये यात्रियों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है. मुंबई जाने वाली अधिकांश ट्रेनों में नवंबर माह के अंत तक वेटिंग टिकट भी उपलब्ध नहीं है. जबकि नयी दिल्ली जाने वाली ट्रेनों में दो सौ से अधिक वेटिंग टिकट मिल पा रहा है.
दरभंगा लोकमान्य पवन एक्सप्रेस में 15 नवंबर तक कंफर्म टिकट उपलब्ध नहीं है. एसी बोगी में भी पूरी तरह से नो रूम उपलब्ध है. छपरा सूरत एक्सप्रेस ट्रेन में भी जहां स्लीपर क्लास में 100 वेटिंग है. एसी क्लास में 55 से 100 तक वेटिंग टिकट ही उपलब्ध है. बिहार संपर्क व वैशाली सुपरफास्ट ट्रेनों में 150 से 200 वेटिंग है. वहीं नयी दिल्ली जाने के लिए यात्रियों को 18 नवंबर तक कोई भी वेटिंग टिकट उपलब्ध नहीं है. जबकि 25 से करीब 150 से 200 वेटिंग टिकट उपलब्ध हो पा रहा है. नयी दिल्ली जाने के लिए यात्रियों को काफी कठिनाई सामना भी करना पड़ रहा है. बलिया सियालदह एक्सप्रेस में लगभग 100 से ऊपर ही वेटिंग टिकट उपलब्ध है. तो गोरखपुर कोलकाता पूर्वांचल एक्सप्रेस में लगभग 100 के ऊपर ही वेटिंग टिकट मिल पा रहा है. त्योहार खत्म होने के बाद लखनऊ वह गोरखपुर जाने के लिए भी यात्रियों को काफी मशक्कत करनी पड़ी. लखनऊ तक की यात्रा करने वाले यात्रियों ने बताया कि हम लोगों ने सोचा कि शायद लखनऊ के लिये टिकट उपलब्ध हो जायेगी. लेकिन यहां से लखनऊ भी जाने के लिये किसी भी ट्रेनों में टिकट उपलब्ध नहीं है.दिल्ली, झारखंड व प बंगाल की बसों में भी टिकट की मारामारी
छठ बीतते ही लोकल बसों के अलावे दिल्ली, सिलीगुड़ी, रांची, पटना,आरा, बोकारो, मुजफ्फरपुर, हजारीबाग, कोलकाता, टाटा आदि जगहों पर जाने के लिये छपरा बस स्टैंड में यात्रियों की चहल-पहल नजर आयी. कई यात्रियों ने पूर्व से ही लंबी दूरी की बसों में टिकट कंफर्म करा लिया था. वहीं कुछ यात्री गुरुवार की सुबह से ही बस में टिकट बुक करने के लिए ग्रामीण क्षेत्रों से पहुंचे थे. छपरा बस स्टैंड से दिल्ली के लिए एक डेली सर्विस की बस है. जिसमें 10 नवंबर तक टिकट बुक है. वहीं झारखंड व सिलीगुड़ी की बसों में भी एडवांस बुकिंग चल रही है.गांव आये लोगों ने कहा अब होली में होगी मुलाकात
छठ के अवसर पर विभिन्न प्रांतों में काम करने वाले बिहार के लोग अपने-अपने घर पहुंचे थे. पूरे परिवार समेत अपने गांव में छठ में आये लोग ट्रेनों व बसों से लौटने के लिए कड़ी मशक्कत कर रहे हैं. दहियांवा मुहल्ले के रतन प्रसाद ने बताया कि वह दूसरे प्रदेश में काम करते हैं. छठ में उन्हें चार दिनों की छुट्टी मिली थी. अब वह होली में छुट्टी लेकर वापस आयेंगे. गांव से वापस अपने काम पर जाते समय लोगों को जंक्शन में बस स्टैंड तक छोड़ने के लिये उनके परिजन भी साथ आये थे.
कई प्रवासी अब मतदान के बाद ही लौटेंगे
कई प्रवासी जो दीपावली और छठ के अवकाश में अपने गांव लौटे हैं. वह अब छह नवंबर को अपना वोट डालने के बाद ही कार्यस्थल पर लौटने की तैयारी में हैं. जिले के जलालपुर निवासी मनीष कुमार ने बताया कि छठ की छुट्टी में वह अपने गांव आये हैं. पहले उन्हें दो नवंबर को ही वापस चले जाना था लेकिन अब वह मतदान के दिन तक रुकेंगे. वापसी के लिए आठ नवंबर की टिकट मिला है. छपरा शहर के तेलपा निवासी मुकेश कुमार ने बताया कि छठ में गांव आने से पहले ही उन्होंने सात नवंबर की वापसी का टिकट कराया था. उन्हें पता था कि छह नवंबर को उनके क्षेत्र में विधानसभा चुनाव के लिए मतदान होना है. वह अपने पूरे परिवार के साथ वोट डालने के बाद ही अब वापस लौटेंगे.डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है
