इसुआपुर : प्रखंड मुख्यालय में शुद्ध पेयजल के लिए 5 वर्ष पूर्व बने जल मीनार को आज भी उद्घाटन का इंतजार है़ वर्ष 2010 में तत्कालीन जिला पार्षद प्रियंका सिंह के प्रयास से जल मीनार हुआ था. जिला पार्षद की अनुशंसा पर पीएचडी विभाग के कार्यपालक अभियंता विनोद कुमार सिंह ने शुद्ध पेयजल के लिए जल मीनार बनाने की अनुशंसा की गयी थी. जिसकी स्वीकृति पीएचइडी के कार्यपालक अभियंता विनोद कुमार सिंह ने दी थी. वर्ष 2011 में बनकर तैयार हो गया.
करोड़ों के लागत से पानी टंकी निर्माण के साथ ही पाइप बिछाने का कार्य भी पूर्ण हो चुका है. इसुआपुर आटानगर, विश्नुपुरा,नागराज गांव में पाइप लाइन बिछाया गया है. पेयजल आपूर्ति के लिए जगह- जगह नल भी लगाये गये हैं. लेकिन जब ट्रायल के रूप में पाइप लाइन में पानी छोड़ा गया तो, इसुआपुर बाजार में पानी बहने लगा जिसका सुधार आज तक नहीं किया गया. इस वजह से जब भी पानी सप्लाई के लिए छोड़ा जाता है, इसुआपुर बाजार जलमग्न हो जाता है.
इस बाबत स्थानीय सामाजिक कार्यकर्ता राजकिशोर सिंह ने बताया कि पानी टंकी की देखभाल तथा पानी सप्लाई के लिए विभाग द्वारा तीन कर्मचारियों को रखा गया है, इन कर्मचारियों पर विभाग का प्रति माह लाखों रुपया खर्च होता है, जो निरर्थक है.
