(सदर) : जिले के सभी विधानसभा क्षेत्रों के राजनीतिक दलों एवं अन्य अभ्यर्थियों के द्वारा किये जानेवाले चुनावी व्यय को प्रतिदिन संबंधित लेखा पंजी में व्यय करने के तरीके की जानकारी को लेकर आयोग के निर्देश पर गुरुवार को व्यय एवं प्रशिक्षण कोषांग के पदाधिकारियों ने प्रशिक्षण दिया.
इस दौरान प्रशिक्षण कोषांग के प्रभारी पदाधिकारी रविभूषण सिन्हा, वाणिज्य कर उपायुक्त शंभू कुमार सिंह, जीपीएफ प्रभारी पंकज कुमार, वाणिज्य कर पदाधिकारी अनिल कुमार, जिला सांख्यिकी पदाधिकारी संध्या सुरभि, वरीय उपसमाहर्ता बेबी कुमारी के अलावा व्यय प्रेक्षक श्याम कुमार, गिरिशा ने अभ्यर्थियों या उनके चुनाव अभिकर्ताओं को चुनाव संबंधी व्यय रजिस्टर में अंकित करने के संबंध में विस्तृत जानकारी दी.
इस दौरान दैनिक लेखा रखरखाव को सफेद पन्ने में, नकद भुगतान को गुलाबी पन्ने में तथा बैंक संबंधी लेखा संधारण को पीले पन्ने में अंकित करने का निर्देश दिया. प्रशिक्षण के दौरान बताया गया कि निर्वाचन खर्च की अधिकतम सीमा 28 लाख निर्धारित है. इन खर्चों से संबंधित रजिस्टर को कम-से-कम तीन बार प्रचार अवधि के दौरान निर्वाची पदाधिकारी या निर्वाचन प्रेक्षक के समक्ष प्रस्तुत करना होगा.
चुनाव के दौरान अधिकतम 20 हजार की राशि नकद के रूप में खर्च की जा सकती है. इससे अधिक खर्च का भुगतान बैंक खाते के माध्यम से एकाउंट पेयी चेक के द्वारा ही किया जा सकता है. इस दौरान समय पर व्यय का लेखा नहीं देने पर कानूनी प्रावधानों के संबंध में भी जानकारी दी गयी.
