सारण प्रमंडल में श्री विधि, सुगंधित धान व संकर मक्के की खेती पर किसानों को मिलेगी भारी सब्सिडी
छपरा (सदर) : जलवायु परिवर्तन के कारण कृषि कार्य में होनेवाली परेशानियों से किसानों को निबटने के लिए कृषि विभाग ने पहली बार कम पानी में होनेवाले धान की किस्म तथा सुगंधित धान की खेती के लिए लक्ष्य निर्धारित किया है. इसके लिए किसानों को अनुदान भी सरकार देगी.
इन दोनों प्रजातियों पर किसानों को 1500 रुपये का अनुदान : सरकार ने सुगंधित धान तथा कम पानी वाले धान की फसल उपजाने वाले किसानों को प्रति एकड़ 15 सौ रुपये के बीज, बीजोपचार सामग्री, वर्मी कंपोस्ट आदि उपलब्ध करायेगी. इसके लिए स्थानीय स्तर पर सभी डीएओ की देख-रेख में किसानों के चयन व सामग्री वितरण की तैयारी की जा रही है.
13700 एकड़ में श्री विधि से धान की खेती का लक्ष्य :सरकार ने सारण, सीवान तथा गोपालगंज जिले में 13 हजार 700 एकड़ में अनुदानित धान की खेती का लक्ष्य निर्धारित किया है. इसके तहत सारण में 6824 एकड़, सीवान में 3826 तथा गोपालगंज में 3069 एकड़ में खेती का लक्ष्य निर्धारित किया है.
संयुक्त कृषि निदेशक सारण विज्येंद्र चौधरी की माने तो इसके तहत किसानों को 2500 रुपये प्रति हेक्टेयर के हिसाब से अनुदान की राशि व बीज, बीजोपचार सामग्री, वर्मी कंपोस्ट आदि उपलब्ध कराया जायेगा. जबकि सारण, सीवान, गोपालगंज में 6300 एकड़ में पैडी ट्रांसप्लांटर का लक्ष्य निर्धारित है जिसमें सारण में 3032, सीवान 1825 तथा गोपालगंज में 1452 एकड़ शामिल है. इसके तहत खेती करने वाले किसानों को 2 हजार रुपये प्रति एकड़ के हिसाब से अनुदान मिलेगा. वहीं सारण जिले में शंकर मक्का की खेती के लिए 1852 हेक्टेयर में खेती का लक्ष्य निर्धारित किया गया है.
जबकि अंतर्वर्ती खेती के तहत सारण में 461 एकड़, सीवान में 409 एकड़ तथा गोपालगंज में 327 एकड़ में अड़हर के साथ-साथ मक्का आदि की खेती का लक्ष्य निर्धारित है. इसके तहत किसानों को प्रति एकड़ 1940 रुपये अनुदान राशि व सामग्री कृषि विभाग उपलब्ध करायेगा.
सारण, सीवान, गोपालगंज में अनुदान पर धान, मक्का, अड़हर आदि की खेती के लिए किसानों के चयन व उनके लिए बीज उपलब्ध कराने के लिए आवश्यक तैयारियां की जा रही है. पहली बार सुगंधित धान तथा तनाव राधी धान की प्रजाति उपलब्ध करा कर अनुदान खेती कराने की पहल की जा रही है.
विज्येंद्र चौधरी
संयुक्त कृषि निदेशक, सारण
कृषि विभाग ने पहली बार सारण जिले में सुगंधित चावल वाले धान की खेती के लिए अनुदान देकर किसानों को प्रोत्साहित करने का लक्ष्य निर्धारित किया है, इसके तहत सारण में 2484, सीवान में 1108 तथा गोपालगंज में 885 एकड़ में अनुदान पर धान की खेती का लक्ष्य निर्धारित किया है.
वहीं कम पानीवाले धान की खेती के तहत सहभागी तथास्वर्णा सब वन नामक नयी प्रजाति के बीज से तैयार धान की प्रजाति किसानों को सुखाड़ एवं बाढ़ दोनों स्थिति में फसल की क्षति से चिंतामुक्त रखेगी.
ये प्रजातियां ज्यादा बारिश होने या सूखा पड़ने दोनों स्थिति में बेहतर उपज देगी. सारण में सरकार ने 4330 एकड़, सीवान में 2572 एकड़ तथा गोपालगंज में 2054 एकड़ में इस धान की खेती का पहली बार लक्ष्य निर्धारित करने की बात संयुक्त कृषि निदेशक विजयेंद्र चौधरी ने बतायी.
