छपरा (कोर्ट) : गुजरात के उद्योगपति पुत्र सोहैल हिंगोरा के अपहरण मामले में बुधवार को अभियोजन द्वारा साक्ष्य के रूप में सोनपुर के तत्कालीन थानाध्यक्ष को गवाही के लिए न्यायालय में प्रस्तुत किया गया. अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश प्रथम अशोक कुमार गुप्ता के न्यायालय में चल रहे हिंगोरा अपहरण मामले के सत्रवाद 283/14 और 404/15 में एपीपी रामनारायण प्रसाद ने सोनपुर के तत्कालीन थानाध्यक्ष ओमप्रकाश को गवाही के लिए प्रस्तुत किया.
थानाध्यक्ष ने गवाही में कहा कि उन्होंने एसडीओ द्वारा प्रतिनियुक्त मजिस्ट्रेट चौधरी तथा गुजरात पुलिस के साथ अपहरण के अभियुक्त रंजीत सिंह के चतुरपुर स्थित मकान का ताला तोड़वाने गये थे, जहां से पुलिस ने हिंगोरा का विजिटिंग कार्ड के अलावा हथकड़ी, विभिन्न बैंकों के पासबुक तथा अपहरण से जुड़े कई अन्य साक्ष्यों को बरामद की थी. गवाह का परीक्षण एपीपी प्रसाद ने किया, वहीं बचाव पक्ष के अधिवक्ता भुनेश्वर शर्मा , बीरेश कुमार चौबे और मनोज कुमार नंबर एक ने प्रतिपरीक्षण किया.
विदित हो कि अभियोजन की ओर से अपर लोक अभियोजक प्रसाद ने कोर्ट में आवेदन देकर कार्यपालक दंडाधिकारी संजीव कुमार चौधरी व न्यायिक मजिस्ट्रेट ब्रजेश कुमार तथा सोनपुर के तत्कालीन थानेदार ओमप्रकाश की गवाही को आवश्यक बताते हुए कोर्ट से आग्रह किया था कि इन तीनों की गवाही न्याय हित में आवश्यक है.
