Samastipur News:समस्तीपुर : प्रदेश में पड़ रही भीषण ठंड से प्रखंड भी अछूता नहीं है. मौसम का कहर ऐसा की इंसान तो क्या हर जीवजंतु पर आफत आन पड़ी है. इंसान अपने घरों में ही बिदक कर दिन-रात व्यतीत कर रहे हैं. मौसम विभाग के अनुसार दूर-दूर तक अभी इससे निजात मिलने की उम्मीद दिख नहीं रही है. इस ठंढ की सबसे बड़ी मार मजदूर एवं छोटे-छोटे व्यवसायी को झेलनी पर रही है. व्यवसायी जहां ग्राहक के इंतजार में दुकान खोल दिन काट रहे हैं. वहीं मजदूर वर्ग काम रहते काम करने की हिम्मत नही जुटा पा रहे हैं. दूसरी ओर सरकार द्वारा आपदा विभाग की ओर से गरीबों के लिये गर्म कपड़ा तो दूर जो अलाव की व्यवस्था की गई है वो ऊंट के मुंह में जीरा का फौरन वाली कहावत को चरितार्थ कर रही है. इस संबंध में जब वारिसनगर के सीओ धर्मेंद्र पंडित से संपर्क किया गया तो उन्होंने बताया कि सरकार की ओर से अलाव के मद में 10 हजार रुपये प्रदान की गई थी. बताया कि इस राशि से जलावन की व्यवस्था कर कई चौक-चैराहे, प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र आदि जगहों पर भेजा गया है. अब सवाल यह उठता है कि जलावन की कीमत 7 से 8 सौ रुपये प्रति क्विंटल है. ऐसे में 10 हजार में कितने जगह आपूर्ति की जा सकेगी. जबकि प्रखंड में कुल 18 पंचायत हैं.
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